अगरतला में बांग्लादेश के वाणिज्य दूतावास पर प्रदर्शनकारियों के हमले पर बांग्लादेश ने कड़ी नाराजगी जाहिर की है। बांग्लादेश के विदेश मंत्रालय ने भारतीय उच्चायुक्त प्रणय वर्मा को तलब किया है। बांग्लादेश की मीडिया के मुताबिक प्रणय वर्मा बांग्लादेश के कार्यवाहक विदेश सचिव रियाज हमीदुल्ला से मिलने पहुंचे। विदेश मामलों के सलाहकार मोहम्मद तौहीद हुसैन ने भी भारतीय उच्चायुक्त को तलब करने की बात स्वीकार की। वहीं बांग्लादेश के अगरतला स्थित बांग्लादेश सहायक उच्चायोग में वीजा और काउंसलर सेवाओं को तत्काल प्रभाव से बंद कर दिया गया है। 

सोमवार को अगरतला में बांग्लादेशी सहायक उच्चायोग के परिसर में कथित तौर पर 50 से अधिक प्रदर्शनकारियों ने प्रवेश किया था। मामले में विदेश मंत्रालय ने कहा, अगरतला में बांग्लादेश के सहायक उच्चायोग में परिसर में घुसपैठ की घटना बेहद खेदजनक है। विदेश मंत्रालय ने कहा कि सरकार नई दिल्ली में बांग्लादेश उच्चायोग और भारत में देश के अन्य मिशनों की सुरक्षा बढ़ाने के लिए कार्रवाई कर रही है।

वहीं बांग्लादेश सरकार ने कहा कि वह बांग्लादेश के सहायक उच्चायोग के परिसर में सोमवार को हिंदू संघर्ष समिति के प्रदर्शनकारियों के एक बड़े समूह द्वारा किए गए हिंसक प्रदर्शन और हमले पर गहरी नाराजगी जताती है तथा इस घटना पर तत्काल कार्रवाई और गहन जांच की मांग करती है। 

भारत-बांग्लादेश के संबंध एक मुद्दे तक सीमित नहीं: प्रणय वर्मा
बांग्लादेश विदेश मंत्रालय की ओर से तलब किए जाने के बाद भारतीय उच्चायुक्त प्रणय वर्मा ने कहा कि भारत-बांग्लादेश के बीच बहुआयामी और व्यापक संबंध हैं, इनको एक मुद्दे या एजेंडे तक सीमित नहीं किया जा सकता।  हम सकारात्मक, स्थिर, रचनात्मक संबंधों के साथ आगे बढ़ना चाहते हैं। इसके लिए हम बहुत सी चीजें कर रहे हैं। यह सुनिश्चित करते रहेंगे कि हमारे सहयोग से हमारे दोनों देशों के लोगों को लाभ मिले।

उन्होंने कहा कि पिछले कुछ महीनों में हमारे संबंधों में सकारात्मक प्रगति हुई है, चाहे वह व्यापार हो, बिजली पारेषण हो, आवश्यक वस्तुओं की आपूर्ति हो, हमने काफी सकारात्मक गति बनाए रखी है। हम बांग्लादेश की अंतरिम सरकार के साथ बातचीत करने के लिए तैयार हैं और शांति, सुरक्षा और विकास में हमारी साझा आकांक्षाओं को प्राप्त करने के लिए मिलकर काम करने के लिए प्रतिबद्ध हैं।

चार पुलिस अधिकारियों के खिलाफ हुई कार्रवाई
बांग्लादेश उच्चायोग ने अगरतला स्थित अपने मिशन में सुरक्षा के उल्लंघन पर विरोध दर्ज कराया है। राज्य सरकार ने भी वाणिज्य दूतावास की सुरक्षा में हुई चूक के मामले में चार पुलिस अधिकारियों के खिलाफ कार्रवाई की है। इस घटना में शामिल सात लोगों को गिरफ्तार भी किया गया है। पश्चिम त्रिपुरा के पुलिस अधीक्षक (एसपी) किरण कुमार ने बताया कि कथित लापरवाही के लिए तीन उपनिरीक्षकों को निलंबित कर दिया गया है और एक पुलिस उपाधीक्षक (डीएसपी) को पुलिस मुख्यालय में रिपोर्ट करने का निर्देश दिया गया है। घटना को लेकर न्यू कैपिटल कॉम्प्लेक्स (एनसीसी) पुलिस स्टेशन में स्वत: संज्ञान लेते हुए मामला दर्ज किया गया है। घटना के बाद वाणिज्य दूतावास में सुरक्षा बढ़ा दी गई तथा केंद्रीय रिजर्व पुलिस बल (सीआरपीएफ) और त्रिपुरा स्टेट राइफल्स (टीएसआर) के जवानों को तैनात किया गया।