भौतिकी के नोबेल पुरस्कार का एलान मंगलवार को कर दिया गया। इस बार यह सम्मान संयुक्त रूप से पियरे एगोस्टिनी, फेरेंक क्रूज और ऐनी एल'हुइलियर को दिया गया। रॉयल स्वीडिश एकेडमी ऑफ साइंसेज के मुताबिक, तीनों ने पदार्थ में इलेक्ट्रॉन गतिशीलता के अध्ययन के लिए प्रयोगात्मक तरीकों को अपनाया था। इससे प्रकाश के एटोसेकंड पल्स उत्पन्न होते हैं।

पिछले साल भौतिकी का नोबेल पुरस्कार संयुक्त रूप से अलेन अस्पेक्ट, जॉन एफ क्लाउसर और एंटन जिलिंगर को दिया गया था। अलेन अस्पेक्ट फ्रांस के भौतिक विज्ञानी हैं, जबकि जॉन एफ क्लाउसर अमेरिका और एंटन जिलिंगर ऑस्ट्रिया के वैज्ञानिक हैं। इन वैज्ञानिको के प्रयोगों ने क्वांटम सूचना के आधार पर नई तकनीक का रास्ता साफ किया था।

कैटालिन कारिको और ड्रू वीसमैन को चिकित्सा का नोबेल
इससे पहले बीते दिन फिजियोलॉजी या मेडिसिन क्षेत्र के लिए इस सम्मान के विजेताओं के नाम का एलान किया गया था। इस साल कैटालिन कारिको और ड्रू वीसमैन को चिकित्सा का नोबेल दिया गया। इन्हें न्यूक्लियोसाइड बेस संशोधनों से संबंधित उनकी खोजों के लिए यह सम्मान दिया गया। इस खोज की वजह से कोरोनावायरस यानी सीओवीआईडी-19 के खिलाफ प्रभावी एमआरएनए टीकों के विकास में मदद मिली।

इन वैज्ञानिकों को मिला था 2021 का भौतिका का नोबेल पुरस्कार
पिछले साल स्यूकुरो मानेबे, क्लॉस होसेलमैन और जियोर्जियो पेरिसी को भौतिकी के नोबेल पुरस्कार से सम्मानित किया गया था। उन्हें यह पुरस्कार जटिल भौतिक प्रणालियों को लेकर हमारी समझ में विकसित करने के लिए दिया गया था। 

स्यूकुरो मानेबे और क्लॉस होसेलमैन ने यह पुरस्कार 'धरती की जलवायु की भौतिक मॉडलिंग' और 'ग्लोबल वार्मिंग की भविष्यवाणी' को मजबूत करने के लिए जीता था। वहीं पेरिसी को 'परमाणु से ग्रहों के पैमाने तक 'भौतिक प्रणालियों में उतार-चढ़ाव की क्रिया के खोज के लिए' नोबल से सम्मानित किया गया था। 

कल से ही हुई शुरुआत
चिकित्सा के क्षेत्र में नोबेल पुरस्कार के साथ ही सोमवार से नोबेल पुरस्कारों की घोषणा की शुरूआत हुई थी। अब बुधवार को रसायन विज्ञान और गुरुवार को साहित्य के क्षेत्र में दिए जाने वाले नोबेल पुरस्कार विजेता के नाम की घोषणा होगी। इसके अलावा नोबेल शांति पुरस्कार की घोषणा शुक्रवार को और अर्थशास्त्र के क्षेत्र में इस पुरस्कार के विजेता की घोषणा नौ अक्तूबर को की जाएगी।

इतना मिलता है पुरस्कार
पुरस्कारों में 11 मिलियन स्वीडिश क्रोनर यानी एक मिलियन अमेरिकी डॉलर या दस लाख डॉलर का नकद पुरस्कार दिया जाता है। धनराशि अवॉर्ड के संस्थापक और स्वीडिश आविष्कारक अल्फ्रेड नोबेल की छोड़ी हुई वसीयत से आती है। 1896 में उनका निधन हो गया था।