नई दिल्ली। पश्चिम एशिया में जारी तनाव के बीच भारत सरकार ने स्पष्ट किया है कि हॉर्मुज स्ट्रेट में फंसे सभी 22 भारतीय जहाज सुरक्षित हैं। इससे पहले मंगलवार को ऐसी खबरें सामने आई थीं कि ईरान ने इन जहाजों को सुरक्षित मार्ग देने के बदले अपने कब्जे में लिए गए तीन टैंकरों की अदला-बदली की मांग की है। भारत ने इन रिपोर्टों को पूरी तरह से खारिज कर दिया है।
विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता रणधीर जायसवाल ने कहा, "इस तरह की कोई चर्चा हुई ही नहीं। ये तीनों जहाज ईरान के नहीं हैं और न ही ईरानी मालिकाना हक वाले हैं।" उन्होंने बताया कि होर्मुज में फंसे कई अन्य जहाजों को सुरक्षित तरीके से वापस लाने के लिए भारत ईरान और अन्य संबंधित देशों से बातचीत कर रहा है।
सूत्रों के अनुसार, कुछ मीडिया रिपोर्टों में बताया गया था कि 15 फरवरी को इंडियन कोस्ट गार्ड ने एक शिकायत दर्ज की थी। इसमें आरोप था कि 'एस्फाल्ट स्टार' जहाज भारी ईंधन तेल की तस्करी में शामिल था और इसे 'अल जाफजिया' और बिटुमेन को 'स्टेलर रूबी' जहाज में ट्रांसफर किया गया। हालांकि भारत सरकार ने इन दावों को बेबुनियाद करार दिया है।