मेडिकल प्रवेश परीक्षा में कथित अनियमितताओं और पेपर लीक को लेकर देशभर में विवाद लगातार गहराता जा रहा है। इस मुद्दे ने अब राजनीतिक रंग भी ले लिया है और लाखों छात्रों के भविष्य को लेकर चिंता बढ़ गई है। इसी बीच कांग्रेस नेता राहुल गांधी ने केंद्र सरकार पर तीखा हमला बोला है।
राहुल गांधी ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ‘एक्स’ पर अपनी प्रतिक्रिया देते हुए कहा कि यह मामला किसी सामान्य प्रशासनिक गलती या छोटी चूक का परिणाम नहीं है, बल्कि उनके अनुसार यह व्यवस्था में गहरी गड़बड़ी का संकेत है। उन्होंने आरोप लगाया कि शिक्षा और परीक्षा प्रणाली में योग्यता के बजाय विचारधारा आधारित नियुक्तियों का प्रभाव बढ़ा है।
कांग्रेस नेता ने दावा किया कि जब संस्थानों और परीक्षा एजेंसियों में चयन केवल निष्ठा के आधार पर होता है, तो पूरी व्यवस्था कमजोर हो जाती है। उन्होंने एनटीए जैसी संस्थाओं की कार्यप्रणाली पर भी सवाल उठाते हुए कहा कि इससे लाखों छात्रों के भविष्य पर असर पड़ा है।NEET के 22 लाख बच्चों के साथ धोखा हुआ है। पर मोदी जी एक शब्द भी नहीं बोल रहे।
— Rahul Gandhi (@RahulGandhi) May 16, 2026
धर्मेंद्र प्रधान जी को अभी हटाइए, या जवाबदेही ख़ुद लीजिए।
Modi ji, SACK Dharmendra Pradhan ji NOW. pic.twitter.com/6FRMMa8AI8
यह मामला अब न्यायिक स्तर पर भी पहुंच चुका है। सुप्रीम कोर्ट में कई याचिकाएं दायर की गई हैं, जिन पर सुनवाई जारी है। अदालत के निर्देश के बाद ग्रेस मार्क्स पाने वाले छात्रों के लिए पुनः परीक्षा आयोजित करने का निर्णय भी लिया गया है, हालांकि मूल पेपर लीक को लेकर विवाद अभी भी जारी है।
इधर, देश के विभिन्न राज्यों में पुलिस ने इस मामले से जुड़े कई लोगों को गिरफ्तार किया है, जिससे यह संकेत मिलता है कि परीक्षा प्रणाली में गंभीर स्तर पर गड़बड़ी और नेटवर्क सक्रिय रहा हो सकता है।