कोलकाता। राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू के पश्चिम बंगाल दौरे के दौरान कथित प्रोटोकॉल उल्लंघन को लेकर जारी विवाद पर मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने अपनी सफाई पेश की है। उन्होंने स्पष्ट किया कि कार्यक्रम में हुई अव्यवस्था के लिए राज्य सरकार जिम्मेदार नहीं है।

कोलकाता में मीडिया से बातचीत करते हुए ममता बनर्जी ने कहा कि कार्यक्रम का आयोजन निजी आयोजकों और भारतीय विमानपत्तन प्राधिकरण (AAI) की जिम्मेदारी थी। उनका कहना था कि राज्य सरकार को इस कार्यक्रम की विस्तृत जानकारी नहीं दी गई थी और आयोजन में सीधे तौर पर शामिल भी नहीं किया गया था। इसलिए किसी भी गड़बड़ी की जिम्मेदारी सरकार पर नहीं आती।

अव्यवस्था की शिकायतें भी आयोजकों की जिम्मेदारी

मुख्यमंत्री ने यह भी बताया कि कार्यक्रम स्थल पर गंदगी, ग्रीन रूम की समस्याएं और महिलाओं के शौचालय की कमी जैसी शिकायतें भी आयोजकों और एयरपोर्ट प्राधिकरण की जिम्मेदारी थी।

पीएम मोदी के आरोपों पर सीएम का जवाब

ममता बनर्जी ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी द्वारा टीएमसी पर राष्ट्रपति का अपमान करने के आरोपों का भी खंडन किया। उन्होंने कहा कि तस्वीरें खुद बयान करती हैं—प्रधानमंत्री बैठे हुए हैं जबकि राष्ट्रपति खड़ी थीं। उन्होंने कहा, “हम कभी भी राष्ट्रपति का अपमान नहीं करते, यह भाजपा की संस्कृति है।”

संविधान और राष्ट्रपति का सम्मान करती है बंगाल सरकार

सीएम ने दोहराया कि पश्चिम बंगाल सरकार हमेशा राष्ट्रपति और संविधान का सम्मान करती है। उन्होंने आरोप लगाया कि विधानसभा चुनाव से पहले राज्य को राजनीतिक तौर पर निशाना बनाया जा रहा है। ममता ने कहा कि राज्य सरकार ने दौरे के दौरान सभी आवश्यक सहयोग दिया था और कार्यक्रम में किसी भी अव्यवस्था के लिए इसे जिम्मेदार ठहराना सही नहीं है।

धरना और जनता के अधिकार

ममता बनर्जी ने कहा कि सिलीगुड़ी के महापौर गौतम देब ने प्रोटोकॉल का पालन करते हुए राष्ट्रपति का स्वागत किया। सीएम ने कहा कि वह धरने पर बैठी हैं ताकि लोगों के अधिकार सुरक्षित रह सकें और इसे छोड़ना उनके लिए संभव नहीं।

मामला कैसे बढ़ा विवाद का

बंगाल में यह विवाद तब शुरू हुआ जब राष्ट्रपति मुर्मू ने शनिवार को दार्जिलिंग में 9वें अंतरराष्ट्रीय संताल सम्मेलन के आयोजन को लेकर असंतोष व्यक्त किया और मुख्यमंत्री की अनुपस्थिति पर टिप्पणी की। इसके बाद भाजपा ने ममता बनर्जी सरकार पर प्रोटोकॉल उल्लंघन के आरोप लगाए। टीएमसी ने इसे पूरी तरह खारिज कर दिया है।