पश्चिम बंगाल की राजनीतिक सरगर्मी के बीच मुख्यमंत्री शुभेंदु अधिकारी ने तृणमूल कांग्रेस के खिलाफ कड़ा रुख अपनाते हुए कई अहम घोषणाएं की हैं। भाजपा कार्यकर्ताओं की बैठक को संबोधित करते हुए उन्होंने कहा कि फाल्टा क्षेत्र में पुनर्मतदान कराया जाएगा, क्योंकि पिछले कई वर्षों से वहां के लोगों को मतदान से वंचित रखा गया है। उनके अनुसार, यह कदम मतदाताओं के लोकतांत्रिक अधिकारों को बहाल करने की दिशा में महत्वपूर्ण होगा।

मुख्यमंत्री ने पार्टी कार्यकर्ताओं को आश्वस्त किया कि वे अतीत में हुई घटनाओं और कथित अत्याचारों को नहीं भूले हैं। उन्होंने पुलिस प्रशासन को निर्देश दिए कि राजनीतिक हिंसा और आपराधिक मामलों में तुरंत प्राथमिकी दर्ज कर सख्त कार्रवाई की जाए। साथ ही, केंद्रीय योजनाओं के फंड के कथित दुरुपयोग की जांच कराने की बात भी कही गई है।

डायमंड हार्बर में एक कार्यक्रम के दौरान शुभेंदु अधिकारी ने टीएमसी नेता अभिषेक बनर्जी पर भी तीखा हमला बोला। उन्होंने दावा किया कि ‘लिप्स एंड बाउंड्स’ नामक कंपनी से जुड़ी संपत्तियों की सूची उनके पास पहुंच चुकी है और इसकी विस्तृत जांच कराई जाएगी। उन्होंने इस राजनीतिक बदलाव को बंगाल के लिए ऐतिहासिक बताते हुए कहा कि यह जनता के लिए “नए युग” की शुरुआत है।

आसनसोल में हाल ही में हुई तोड़फोड़ की घटना पर सख्त रुख अपनाते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि अब तक 15 लोगों को गिरफ्तार किया जा चुका है। उन्होंने चेतावनी दी कि सरकारी संपत्ति को नुकसान पहुंचाने वालों से पूरी भरपाई उनकी निजी संपत्ति से वसूली जाएगी। साथ ही, दोषियों से पूछताछ के लिए कड़ी कानूनी कार्रवाई की प्रक्रिया भी जारी है।

इसी दौरान उन्होंने अभिनेता और भाजपा नेता मिथुन चक्रवर्ती की भी सराहना की और कहा कि उन्होंने पिछले कई वर्षों से बंगाल में बदलाव के लिए लगातार प्रयास किए हैं।