तमिलनाडु विधानसभा चुनाव से पहले राज्य की राजनीति में हलचल तेज हो गई है। पट्टाली मक्कल काची (पीएमके) ने बड़ा फैसला लेते हुए ऑल इंडिया अन्ना द्रविड़ मुनेत्र कड़गम (एआईएडीएमके) के साथ गठबंधन करने का ऐलान किया है। इसके साथ ही पीएमके औपचारिक रूप से राष्ट्रीय लोकतांत्रिक गठबंधन (एनडीए) का हिस्सा बन गई है।

पीएमके अध्यक्ष अंबुमणि रामदास ने बुधवार को एआईएडीएमके के महासचिव और पूर्व मुख्यमंत्री ई. के. पलानीस्वामी से उनके आवास पर मुलाकात की, जहां गठबंधन को अंतिम रूप दिया गया। तमिलनाडु में एनडीए की अगुवाई एआईएडीएमके कर रही है।

एनडीए में और दलों की एंट्री के संकेत

बैठक के बाद ई. के. पलानीस्वामी ने कहा कि पीएमके के एनडीए में शामिल होने से गठबंधन मजबूत हुआ है। उन्होंने संकेत दिए कि आने वाले दिनों में कुछ और राजनीतिक दल भी एनडीए से जुड़ सकते हैं। पलानीस्वामी ने बताया कि पीएमके के लिए सीटों का बंटवारा तय कर लिया गया है, जिसकी घोषणा उचित समय पर की जाएगी।

वहीं, अंबुमणि रामदास ने कहा कि उनकी पार्टी ने सत्तारूढ़ डीएमके को सत्ता से बाहर करने के उद्देश्य से एनडीए का दामन थामा है। उन्होंने दावा किया कि राज्य की जनता डीएमके सरकार से असंतुष्ट है और आगामी चुनाव में एनडीए को समर्थन मिलेगा। पलानीस्वामी ने भरोसा जताया कि एआईएडीएमके अपने दम पर बहुमत हासिल कर सरकार बनाएगी।

गौरतलब है कि पीएमके हाल के वर्षों में आंतरिक मतभेदों से भी गुजरी है। पार्टी वर्ष 2024 के लोकसभा चुनाव में भी एनडीए का हिस्सा रही थी। राज्य में विधानसभा की 234 सीटों के लिए मार्च-अप्रैल में चुनाव कराए जाने की संभावना है।

डीएमके सरकार पर अंबुमणि का हमला

एनडीए में शामिल होने के बाद अंबुमणि रामदास ने कहा कि महिलाओं की सुरक्षा, किसानों की परेशानियां, बेरोजगारी और सामाजिक न्याय जैसे मुद्दों को लेकर जनता में नाराजगी है। उन्होंने आरोप लगाया कि डीएमके को पिछले चुनावों में फायदा विपक्ष की कमजोरी और बिखराव के कारण मिला।

टिकट के नाम पर ठगी से सतर्क रहने की अपील

इस बीच एआईएडीएमके प्रमुख ई. के. पलानीस्वामी ने पार्टी कार्यकर्ताओं को चेतावनी दी है कि वे चुनाव टिकट दिलाने के नाम पर पैसे मांगने वाले दलालों और बिचौलियों से सावधान रहें। उन्होंने कहा कि टिकट वितरण केवल पार्टी नेतृत्व के स्तर पर ही किया जाएगा और किसी भी तरह की ठगी को बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।