चमोली के देवाल विकासखंड का ऐरठा गांव खतरे की जद में आ गया है। तेज बारिश और पिंडर नदी के बढ़ते बहाव के कारण गांव के नीचे भूमि कटाव हो रहा है। इसके चलते गांव के नीचे दरारें पड़ गई हैं। ग्रामीणों ने खतरे की जद में आए 20 परिवारों को सुरक्षित स्थान पर शिफ्ट करने की मांग की है।
पिछले दो दिनों से पिंडर नदी के कटाव के कारण ऐरठा गांव पर खतरा बना हुआ है। ग्राम प्रधान प्रेमा देवी और क्षेपंस खिमुली देवी ने बताया कि नदी के लगातार कटाव से 20 आवासीय घर खतरे की जद में आ गए हैं। उन्होंने बताया कि कटाव के चलते घरों के नीचे मोटी दरारें पड़ गई हैं।
खतरे की जद में आने वाले परिवारों में रमेश राम, नंदन राम, प्रमिला देवी, लक्ष्मण राम, प्रताप राम, गोविंद राम, रघुवीर राम, धनीराम, पदम राम, चंद्र राम, दिनेश राम, विमला देवी, राजेंद्र राम, खिलाप राम, रधुली देवी, राजेंद्र कुमार, कैलाश राम, शांति देवी, ओमप्रकाश और खिलाप कुमार शामिल हैं।
ग्रामीणों ने जिलाधिकारी से मांग की है कि खतरे की जद में आए सभी परिवारों को सुरक्षित स्थान पर विस्थापित किया जाए।
राजस्व निरीक्षक देवेंद्र ने बताया कि पिंडर नदी के कारण गांव के नीचे भूस्खलन हो रहा है। फिलहाल इससे खतरे की संभावना नहीं है। हालांकि, भविष्य में नदी के कटाव का क्षेत्र बढ़ने पर खतरा पैदा हो सकता है।
Reader comments
No comments yet
Be the first to share your perspective on this story.