खल्लारी। खल्लारी माता मंदिर की पहाड़ी पर रविवार को एक भयानक हादसा सामने आया, जब दर्शन करके लौट रहे श्रद्धालुओं से भरा रोपवे अचानक टूट गया। इस दुर्घटना में आठ श्रद्धालु घायल हो गए, जिनमें से पांच की हालत गंभीर बताई जा रही है, जबकि एक महिला की मौत की खबर है।
प्रत्यक्षदर्शियों ने बताया कि मंदिर से लौट रहे श्रद्धालुओं का रोपवे करीब 200 से 300 फीट की ऊंचाई पर अचानक गिर गया। हादसे के समय दोनों रोपवे में कुल 13 लोग सवार थे। तार टूटने की यह घटना रोपवे की रखरखाव और सुरक्षा व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े करती है।
मौके पर प्रशासन की त्वरित कार्रवाई
हादसे के तुरंत बाद स्थानीय प्रशासन और पुलिस की टीमें घटनास्थल पर पहुंच गईं। घायल श्रद्धालुओं को बागबाहरा स्वास्थ्य केंद्र में प्राथमिक उपचार दिया गया, जबकि गंभीर रूप से घायल लोगों को बेहतर इलाज के लिए बड़े अस्पतालों में रेफर किया जा रहा है।
घायलों में शामिल हैं:
- ऋषभ धावरे, रायपुर, 29 वर्ष – घायल
- छायांश धावरे, रायपुर, 16 वर्ष – घायल
- गोविंद स्वामी, महासमुंद, 47 वर्ष – घायल
- नमिता स्वामी, महासमुंद, 48 वर्ष – घायल
- कुश्मिता स्वामी, महासमुंद, 10 वर्ष – घायल
- मांशवी गोडारिया, महासमुंद, 12 वर्ष – घायल
मृतक: आयुषी सातकर, रायपुर, 28 वर्ष।
चार घायलों को रायपुर के अस्पताल में रेफर किया गया है। दूसरे रोपवे में सवार अन्य 10 श्रद्धालु सुरक्षित हैं, जिनमें रतनलाल नागोसवार, हेमिन नागोसवार, हेमलाल नागोसवार, कुलसी नागोसवार, पूर्वी नागोसवार, टिया, अमलेश, कुमेश साहू, टोमेश्वरी साहू और हर्ष साहू शामिल हैं।
प्रशासन की प्रतिक्रिया
कलेक्टर विनय कुमार लंगेह दिल्ली में नीति आयोग की बैठक में शामिल हैं, लेकिन हादसे की निगरानी लगातार कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि घटना की जांच तुरंत शुरू कर दी गई है और यदि किसी की लापरवाही सामने आती है तो उसके खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी।
खल्लारी माता मंदिर और रोपवे की जानकारी
खल्लारी माता मंदिर एक प्रसिद्ध धार्मिक स्थल है, जो लगभग 4,000 फीट ऊंची पहाड़ी पर स्थित है। मंदिर तक पहुंचने के लिए रोपवे की सुविधा प्रदान की गई है, लेकिन इस हादसे ने इसकी सुरक्षा पर गंभीर प्रश्न खड़े कर दिए हैं।