हिमाचल प्रदेश मंत्रिमंडल की बैठक शनिवार को मुख्यमंत्री सुखविंद्र सिंह सुक्खू की अध्यक्षता में हुई। इस बैठक में राज्य के पंचायती राज, सामाजिक सुरक्षा, ऊर्जा, जलविद्युत और अन्य कई क्षेत्रों से जुड़े महत्वपूर्ण निर्णय लिए गए।
पंचायती राज में संशोधन
मंत्रिमंडल ने हिमाचल प्रदेश पंचायती राज (निर्वाचन) नियम, 1994 के नियम 28, 87, 88 और 89 में प्रस्तावित संशोधनों पर आम जनता से आपत्तियां और सुझाव आमंत्रित करने का निर्णय लिया। इसके अनुसार वर्ष 2010 को आधार वर्ष मानते हुए जो पंचायतें लगातार दो कार्यकाल तक आरक्षित रही हैं, उन्हें आगामी चुनावों में आरक्षित नहीं किया जाएगा।
सामाजिक सुरक्षा पेंशन में बदलाव
सामाजिक सुरक्षा पेंशन नियम, 2010 में भी संशोधन किया गया। इसमें ‘बेसहारा’ शब्द की परिभाषा को स्पष्ट किया गया और पेंशन के लिए प्रमाणन प्रक्रिया सरल बनाई गई। नए नियम के तहत, जिन महिलाओं को उनके पति ने छोड़ दिया है और उनके पास आय का कोई अन्य स्रोत नहीं है, उन्हें बेसहारा महिला माना जाएगा।
स्वर्ण जयंती ऊर्जा नीति और जलविद्युत परियोजनाएं
मंत्रिमंडल ने स्वर्ण जयंती ऊर्जा नीति के तहत स्थानीय क्षेत्र विकास निधि का 40 प्रतिशत “चिल्ड्रन ऑफ द स्टेट” को वितरित करने का निर्णय लिया। साथ ही 15 जलविद्युत परियोजनाओं को रद्द करने की मंजूरी दी, जो एकमुश्त माफी योजना के बावजूद समय पर शुरू नहीं हो पाईं। पंडोह में 10 मेगावाट क्षमता की लघु जलविद्युत परियोजना भाखड़ा ब्यास प्रबंधन बोर्ड (बीबीएमबी) को आवंटित की गई, जिसमें राज्य सरकार को 13% मुफ्त बिजली और 5% हिस्सेदारी प्राप्त होगी।
क्षेत्रीय सहकारी संघ और हेली टैक्सी सेवा
मंत्रिमंडल ने धगवार में क्षेत्रीय सहकारी दुग्ध उत्पादक संघ लिमिटेड बनाने की मंजूरी दी, जिसमें कांगड़ा, हमीरपुर, चंबा और ऊना जिलों के दूध उत्पादक शामिल होंगे। इसके अलावा, चंडीगढ़-शिमला हेली टैक्सी सेवा को सप्ताह में तीन से बढ़ाकर छह दिन, दिन में दो उड़ानों तक करने का निर्णय लिया गया।
भर्ती और वेतन संबंधित फैसले
जल शक्ति विभाग में जल जीवन मिशन के तहत आउटसोर्स कर्मचारियों का वेतन राज्य सरकार द्वारा देने, तकनीकी शिक्षा विभाग में 60 जूनियर असिस्टेंट प्रोफेसर, सहकारिता विभाग में 32 पद, शिक्षा विभाग के स्पोर्ट्स हॉस्टल में 16 कोच और सूचना एवं जनसंपर्क विभाग में 3 जूनियर ऑफिस असिस्टेंट (आईटी) पद भरने की मंजूरी दी गई।
अन्य प्रमुख निर्णय
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हमीरपुर में खेल छात्रावास की क्षमता बढ़ाकर राज्य स्तरीय खेल उत्कृष्टता केंद्र बनाना।
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ऊना जिले के गगरेट में उप-मंडलीय पुलिस कार्यालय स्थापित करना।
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शिमला के कोटखाई और सिरमौर के पांवटा साहिब में नई स्कूल/भूमि हस्तांतरण।
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नूरपुर में पुलिस पोस्ट को स्टेशन में स्तरोन्नत करना।
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टाहलीवाल फायर पोस्ट को उप-अग्निशमन केंद्र बनाना।
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हिमुडा के लिए 80 साल की लीज अवधि मंजूर करना और लाहौल-स्पीति तथा कुल्लू में शेष पटवारियों की नियुक्ति।
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शिक्षा विभाग में अंशकालिक जल वाहकों को नियमित करना।
राजस्व मंत्री जगत सिंह नेगी ने मंत्रिमंडल के फैसलों की जानकारी दी और बताया कि ये निर्णय राज्य के विकास और प्रशासनिक सुधार के लिए अहम हैं।