झारखंड में हाल के दिनों में हिंसक और असामान्य घटनाओं की बढ़ती संख्या ने सामाजिक और कानूनी व्यवस्था पर सवाल खड़े कर दिए हैं। अलग-अलग जिलों से ऐसी खबरें सामने आ रही हैं, जहां पति-पत्नी और परिवार के भीतर तनाव हिंसक रूप ले रहा है। ताजा मामला गिरिडीह जिले के जमुआ थाना क्षेत्र के सिरसिया गांव से है, जहां एक पति ने पत्नी के बार-बार मायके जाने पर ससुराल की चारदीवारी तोड़ दी।

अधिकारियों के अनुसार, पिंटू मंडल नामक व्यक्ति अपनी पत्नी उर्मिला मंडल के मायके जाने पर नाराज था। कई बार समझाने और बुलाने के बावजूद जब पत्नी घर नहीं लौटी, तो गुस्से में पिंटू मंडल जेसीबी मशीन लेकर ससुराल पहुंच गया और चारदीवारी को क्षतिग्रस्त कर दिया। घटना की सूचना मिलने पर ग्रामीणों की भीड़ मौके पर पहुंची, जिससे आरोपी जेसीबी लेकर फरार हो गया।

पिंटू मंडल का दावा है कि शादी के साढ़े चार साल बाद भी उसकी पत्नी बार-बार मायके चली जाती है और सास-ससुराल बच्चों को भी घर नहीं भेजते, जिससे वह मानसिक तनाव में था और यह कदम उठाना पड़ा।

वहीं, उर्मिला मंडल ने पति पर गंभीर आरोप लगाए हैं। उनका कहना है कि पति रोज शराब पीकर घर आता है और उन पर मारपीट करता है। इसी डर के कारण वह अपने दोनों बच्चों के साथ मायके में रह रही हैं। उन्होंने यह भी आरोप लगाया कि पति ने उनके गहने जबरन छीन लिए और पंचायत में मामले को उठाने के बावजूद कोई स्थायी समाधान नहीं निकला।

सामाजिक संगठनों और प्रशासन का कहना है कि हाल के दिनों में ऐसी घटनाओं में तेजी देखी जा रही है। इसी तरह रांची के खलारी में एक सनकी आशिक ने प्रेमिका को गोली मार दी और खुद भी आत्महत्या की, जबकि रातू रोड इलाके में एक बहू ने सास पर क्रिकेट बैट से हमला किया। इन घटनाओं ने समाज और प्रशासन दोनों की चिंता बढ़ा दी है और सवाल उठाए हैं कि पारिवारिक विवाद हिंसक रूप क्यों ले रहे हैं।