पुणे के चर्चित केतन अग्रवाल हत्याकांड को लेकर मृतक के पिता विशाल अग्रवाल ने न्याय व्यवस्था पर भरोसा जताते हुए मामले में शामिल सभी आरोपियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की है। उन्होंने कहा कि उनके बेटे को तभी सच्ची श्रद्धांजलि और शांति मिलेगी जब दोषियों को कानून के तहत जल्द से जल्द सजा दी जाएगी।

पिता ने जताया न्याय व्यवस्था पर भरोसा

विशाल अग्रवाल ने मीडिया से बातचीत में कहा कि उन्हें देश की न्याय प्रणाली पर पूरा विश्वास है। उन्होंने सिया गोयल, चेतन चौधरी और अन्य आरोपियों के खिलाफ कठोर कार्रवाई की मांग करते हुए कहा कि सभी को जल्द से जल्द सजा मिलनी चाहिए।

सच्चाई छिपाने का आरोप

उन्होंने आरोप लगाया कि घटना के बाद सिया गोयल ने लोगों को बताया था कि केतन की मौत एक हादसे में गिरने से हुई है। विशाल अग्रवाल के अनुसार, मामले की वास्तविक परिस्थितियों को शुरू में छिपाने की कोशिश की गई। उन्होंने यह भी दावा किया कि सिया गोयल के जीवन, आदतों और व्यक्तिगत जानकारी को लेकर कई बातें उनसे साझा नहीं की गई थीं।

मां ने जताई फांसी की मांग

वहीं केतन की मां ने आरोपियों के लिए सख्ततम सजा, यहां तक कि फांसी की मांग की है। उन्होंने कहा कि सिया गोयल और चेतन चौधरी उनके बेटे की मौत के जिम्मेदार हैं। उन्होंने यह भी आरोप लगाया कि सिया ने परिवार को धोखे में रखा और उसके व्यवहार से कभी शक नहीं हुआ।

पहले भी की गई कोशिश का दावा

जांच से जुड़े सूत्रों के अनुसार, पुलिस को ऐसे संकेत मिले हैं कि 14 जून को भी केतन की जान लेने की कोशिश की गई थी, जो नाकाम रही थी। बताया गया कि इसके बाद 18 जून को कथित तौर पर घटना को अंजाम दिया गया। पुलिस इस पूरे मामले की कई कोणों से जांच कर रही है।

आरोपियों की गिरफ्तारी और जांच जारी

पुलिस ने सिया गोयल और चेतन चौधरी को गिरफ्तार कर लिया है। दोनों पर हत्या और आपराधिक साजिश के आरोप लगाए गए हैं और उन्हें पुलिस हिरासत में भेज दिया गया है। मामले की जांच जारी है और पुलिस अन्य पहलुओं की भी जांच कर रही है।

पड़ोसियों ने जताया दुख

केतन के पड़ोसियों ने भी घटना पर गहरा शोक और आक्रोश जताया है। उन्होंने बताया कि केतन स्वभाव से मिलनसार और मददगार था, और उसकी अचानक मौत से पूरा क्षेत्र सदमे में है।

दोषियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की मांग

स्थानीय लोगों और परिवार ने मांग की है कि मामले में शामिल सभी दोषियों को सख्त से सख्त सजा दी जाए, ताकि भविष्य में इस तरह की घटनाओं की पुनरावृत्ति न हो।