उत्तर प्रदेश के प्रयागराज के साउथ मलाका इलाके में एक ही परिवार के चार लोगों की हत्या से पहले ही पूरे क्षेत्र में अनहोनी का माहौल बनने लगा था। बंद मकान से उठ रही तेज दुर्गंध ने स्थानीय लोगों को कई दिनों से परेशान कर रखा था, जो मंगलवार दोपहर तक बढ़कर आसपास के 100 मीटर क्षेत्र तक फैल गई।

तेज होती बदबू से बढ़ी आशंका, लोगों में मचा हड़कंप

स्थानीय निवासियों के अनुसार, पहले कभी इतनी तेज और असहनीय दुर्गंध महसूस नहीं हुई थी। समय के साथ यह और बढ़ती गई, जिससे इलाके में तरह-तरह की चर्चाएं शुरू हो गईं और लोग दहशत में आ गए।

शुरुआत में लोगों को लगा कि शायद कोई जानवर मरा होगा, लेकिन जब कई दिनों तक घर से कोई गतिविधि नजर नहीं आई तो संदेह गहराने लगा और पुलिस को सूचना दी गई।

पुलिस ने तोड़ा ताला, अंदर मिला भयावह मंजर

पुलिस के मौके पर पहुंचने के बाद जब मकान का ताला तोड़कर अंदर प्रवेश किया गया तो तेज दुर्गंध ने स्थिति की गंभीरता का संकेत दे दिया। अंदर का दृश्य बेहद दर्दनाक था—कारोबारी दंपती के शव बेड पर पड़े मिले, जबकि कुछ दूरी पर उनके बेटे और बेटी के शव भी बरामद हुए।

कुछ ही समय में यह खबर पूरे इलाके में फैल गई और साउथ मलाका चौराहे पर लोगों की भारी भीड़ जमा हो गई।

इलाके में दहशत, घरों के दरवाजे-खिड़कियां बंद

घटना के बाद पूरे क्षेत्र में अफरा-तफरी मच गई। लोग रुमाल, गमछा और मास्क से मुंह ढककर बाहर निकले। कई लोगों ने अपने घरों की खिड़कियां और दरवाजे बंद कर लिए, जबकि दुकानदारों ने भी एहतियातन शटर गिरा दिए।

भीड़ इतनी बढ़ गई कि पुलिस को उसे नियंत्रित करने में काफी मशक्कत करनी पड़ी। लोग लगातार बैरिकेडिंग के पास पहुंचकर जानकारी लेने की कोशिश करते रहे।

500 मीटर तक जाम, यातायात प्रभावित

भीड़ और अफरा-तफरी के कारण साउथ मलाका चौराहे और आसपास की सड़कों पर करीब 500 मीटर तक लंबा जाम लग गया। लोग घटनास्थल की ओर देखने के लिए वाहनों को रोकते रहे, जिससे यातायात पूरी तरह बाधित हो गया।

पुलिसकर्मियों ने काफी प्रयासों के बाद यातायात को नियंत्रित किया।

फोरेंसिक टीम ने मास्क पहनकर की जांच, हत्या 24-48 घंटे पुरानी होने की आशंका

फोरेंसिक टीम और पुलिस अधिकारियों ने मास्क पहनकर घटनास्थल की जांच की। दुर्गंध इतनी तीव्र थी कि कई पुलिसकर्मियों को बीच-बीच में बाहर आना पड़ा।

प्रारंभिक अनुमान के अनुसार, यह वारदात 24 से 48 घंटे पहले की गई हो सकती है। स्थानीय लोग इस घटना को लेकर स्तब्ध हैं और लगातार चर्चा में हैं कि आखिर इतने समय तक किसी को इसकी भनक क्यों नहीं लगी।