सेलिब्रिटी हेयर स्टाइलिस्ट जावेद हबीब और उनके बेटे अनोश हबीब को इलाहाबाद हाईकोर्ट से बड़ी राहत मिली है। करोड़ों की धोखाधड़ी और जालसाजी के मामले में दर्ज एफआईआर पर सुनवाई करते हुए कोर्ट ने दोनों की गिरफ्तारी पर फिलहाल रोक लगा दी है। हाईकोर्ट ने यह अंतरिम राहत तब दी जब बाप-बेटे ने अपने खिलाफ दर्ज एफआईआर को निरस्त करने की याचिका दायर की।

मामला संभल जिले के रायसत्ती थाना क्षेत्र का है, जहां जावेद हबीब, उनके बेटे अनोश हबीब और एक अन्य व्यक्ति सैफुल के खिलाफ कई लोगों से निवेश के नाम पर ठगी करने का आरोप है। बताया गया कि 100 से अधिक लोग इस ठगी के शिकार हुए हैं। इन पर आरोप है कि इन्होंने निवेशकों को मुनाफे का लालच देकर करोड़ों रुपये ऐंठे।

पुलिस ने जांच के दौरान पाया कि सितंबर 2023 में संभल के रॉयल पैलेस में आयोजित एक सेमिनार के जरिए लोगों को एफएलसी कंपनी में निवेश करने के लिए प्रेरित किया गया था। निवेशकों को 50 से 70 प्रतिशत तक मुनाफे का वादा किया गया, लेकिन बाद में न तो किसी को लाभ मिला और न ही उनकी रकम लौटाई गई। अब तक इस प्रकरण में 32 से अधिक मुकदमे दर्ज हो चुके हैं।

पुलिस ने मामले में हबीब परिवार के खिलाफ लुक आउट नोटिस जारी किया था ताकि वे देश से बाहर न जा सकें। साथ ही, दिल्ली और मुंबई स्थित उनके ठिकानों पर नोटिस भी चस्पा किए गए थे। इस बीच, हाईकोर्ट की जस्टिस सिद्धार्थ वर्मा और जस्टिस अचल सचदेव की खंडपीठ ने चार्जशीट दाखिल होने तक गिरफ्तारी पर अंतरिम रोक लगाने का आदेश दिया है।

इस दौरान जावेद हबीब और उनके बेटे की ओर से अधिवक्ता शिखर नीलकंठ, मोहित सिंह और अमित तिवारी ने अदालत में पक्ष रखा। अदालत ने कहा कि मामले की विस्तृत जांच जारी रहने के दौरान दोनों को सहयोग करना होगा।