बठिंडा से 29 जनवरी की रात बलूरू घाट के लिए रवाना हुई फरक्का एक्सप्रेस के बी-2 एसी कोच में काॅकरोच और तेज बदबू फैलने से यात्री परेशान हो गए। महिला यात्रियों की चीख-पुकार और गुस्साए यात्रियों के विरोध के कारण ट्रेन को गाजियाबाद और अलीगढ़ स्टेशनों पर रोकना पड़ा। अलीगढ़ में ट्रेन करीब 46 मिनट तक खड़ी रही।

यात्रियों ने बताया कि कोच में काॅकरोच घूम रहे थे और बदबू इतनी तेज थी कि बैठना भी मुश्किल हो गया। कोच अटेंडेंट को इसकी सूचना दी गई, लेकिन कोई तत्काल कार्रवाई नहीं हुई। गाजियाबाद स्टेशन पर यात्रियों ने चेन पुलिंग कर ट्रेन रोक दी। बावजूद इसके ट्रेन को बिना उचित सफाई के रवाना कर दिया गया।

अलीगढ़ पहुंचते ही यात्रियों ने कोच से बाहर उतरकर विरोध शुरू कर दिया और आगे की यात्रा रोक दी। सूचना पाकर स्थानीय रेलवे अधिकारी मौके पर पहुंचे और यात्रियों को समझाया। इसके बाद कोच की पूरी सफाई कर कीटनाशक का छिड़काव कराया गया। यात्रियों को भी स्प्रे वितरित किए गए ताकि अगर काॅकरोच फिर दिखाई दे तो तुरंत कार्रवाई हो सके।

रेल प्रशासन ने बताया कि ट्रेन रात 2:14 बजे अलीगढ़ पहुंची और सफाई के बाद 3:46 बजे पुनः गंतव्य के लिए रवाना हो पाई। उत्तर-मध्य रेलवे के जनसंपर्क अधिकारी अमित कुमार सिंह ने कहा कि यात्रियों की सुरक्षा और सुविधा के लिए तत्काल कदम उठाए गए और आगे ऐसी स्थिति न दोहराने का निर्देश दिया गया है।