इकोटेक-3 कोतवाली पुलिस ने दहेज हत्या के एक मामले में कार्रवाई करते हुए फरार चल रही सास और चाचा ससुर को गिरफ्तार कर लिया है। यह मामला 17 मई की रात जलपुरा गांव में संदिग्ध परिस्थितियों में हुई दीपिका नागर की मौत से जुड़ा है।
दहेज मांग के आरोप में दर्ज हुआ था केस
मृतका के मायके पक्ष ने आरोप लगाया था कि ससुराल पक्ष द्वारा फॉर्च्यूनर कार और 50 लाख रुपये की दहेज मांग की जा रही थी। इसी शिकायत के आधार पर दहेज हत्या का मुकदमा दर्ज किया गया था। इससे पहले पुलिस ने पति रितिक और ससुर मनोज को गिरफ्तार कर लिया था।
कोतवाली प्रभारी के अनुसार, अब फरार चल रहे चाचा ससुर विनोद और सास पूनम को भी गिरफ्तार कर लिया गया है। दोनों को पूछताछ के बाद न्यायिक हिरासत में भेजा जाएगा।
अंतिम संस्कार से पहले हवन
वहीं, दीपिका नागर के परिजनों ने कुदी खेड़ा गांव स्थित उनके घर पर आत्मा की शांति के लिए हवन का आयोजन किया, जिसमें परिजन, ग्रामीण और रिश्तेदार शामिल हुए।
पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट में गंभीर चोटों का खुलासा
मामले में पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट ने कई गंभीर चोटों की पुष्टि की है, जिससे घटना को लेकर संदेह और गहरा गया है। रिपोर्ट में शरीर पर कई बाहरी और आंतरिक चोटों के निशान पाए गए हैं।
जानकारी के अनुसार, दीपिका के चेहरे, हाथ, पैर, कमर और अन्य हिस्सों पर गंभीर चोटें, सूजन और गहरे घाव दर्ज किए गए हैं। कुछ स्थानों पर हड्डी तक नुकसान पहुंचने की बात भी सामने आई है।
अंदरूनी चोटें और रक्तस्राव के संकेत
रिपोर्ट में मस्तिष्क में हेमेटोमा (खून का थक्का), तिल्ली फटना और आंतरिक रक्तस्राव जैसे गंभीर तथ्य सामने आए हैं। हृदय में रक्त की कमी और अन्य अंगों पर असर के संकेत भी पाए गए हैं।
विसरा जांच के लिए सैंपल भेजे गए
फॉरेंसिक विशेषज्ञों के अनुसार, शरीर में अत्यधिक रक्तस्राव के कारण गंभीर स्थिति बनी हो सकती है, हालांकि मौत का वास्तविक कारण अभी स्पष्ट नहीं है। किसी विषैले पदार्थ की आशंका को देखते हुए विसरा जांच के लिए सैंपल भेजे गए हैं।