संभल। चंदौसी मार्ग स्थित गांव सैफखां सराय में सरकारी भूमि पर कथित अवैध निर्माण का मामला सामने आया है। जांच के दौरान यहां मस्जिद, दरगाह और एक मकान बने होने की जानकारी मिली है। प्रशासन के अनुसार यह जमीन सरकारी अभिलेखों में दर्ज है।
बताया जा रहा है कि इस स्थान पर मौजूद मस्जिद और दरगाह की देखरेख संभल शहर की जामा मस्जिद के इमाम द्वारा की जाती है। वहीं, पास बने मकान में इमाम और उनके भाई का परिवार रह रहा है।
इमाम का कहना है कि यह जमीन उनके परिवार की पुश्तैनी संपत्ति है। उनके अनुसार यहां पहले से एक दरगाह मौजूद थी और बाद में उनके पिता की मजार भी बनाई गई। उनका यह भी कहना है कि मस्जिद का निर्माण कई वर्ष पहले कराया गया था।
हालांकि प्रशासनिक जांच में भूमि को सरकारी बताया गया है। संभल तहसीलदार न्यायालय ने सोमवार को सुनवाई के बाद गाटा संख्या 452 की लगभग 0.1340 हेक्टेयर जमीन को सरकारी घोषित कर दिया। अधिकारियों के मुताबिक इसी भूमि पर मस्जिद, दरगाह और मकान का निर्माण किया गया है, जबकि कुछ हिस्सा फिलहाल खाली भी पड़ा है।
सूत्रों के अनुसार इस जमीन को लेकर पहले भी शिकायतें की जा चुकी हैं। वर्ष 2016 और 2017 में इसे सरकारी भूमि बताते हुए आपत्ति दर्ज कराई गई थी, जिसके बाद मामला उच्च न्यायालय तक भी पहुंचा था। फिलहाल आगे की कानूनी प्रक्रिया स्पष्ट नहीं हो सकी है।
इस बीच तहसीलदार न्यायालय में दायर एक अन्य शिकायत पर सुनवाई के बाद संबंधित भूमि को कब्जा मुक्त कराने के आदेश जारी किए गए हैं। प्रशासन का कहना है कि आगे की कार्रवाई नियमों के तहत की जाएगी।