वाराणसी कैंट रेलवे स्टेशन पर मंगलवार को सुरक्षा एजेंसियों की संयुक्त कार्रवाई में बड़ी मात्रा में नकदी बरामद की गई। जांच के दौरान एक यात्री के पास से करीब 16 लाख रुपये की नई करेंसी मिलने पर हड़कंप मच गया।

संदिग्ध स्थिति में पकड़े गए युवक से जब पूछताछ की गई तो वह पैसे के स्रोत और उद्देश्य को लेकर संतोषजनक जवाब नहीं दे सका। इसके बाद उसे आगे की जांच के लिए आयकर विभाग को सौंप दिया गया।

ट्रेन में जांच के दौरान मिली बड़ी रकम

पुलिस क्षेत्राधिकारी Kunwar Prabhat ने बताया कि कैंट जीआरपी, रेलवे सुरक्षा बल (RPF) और क्राइम इंटेलिजेंस ब्यूरो (CIB) की संयुक्त टीम प्लेटफॉर्म नंबर 8 पर खड़ी बेगमपुरा एक्सप्रेस के जनरल कोच में जांच कर रही थी।

इसी दौरान शाहजहांपुर के तिलहर निवासी रवि गुलाटी के पिट्ठू बैग और ट्रॉली बैग की तलाशी ली गई, जिसमें 10, 20, 50 और 100 रुपये के नोटों की बड़ी मात्रा में गड्डियां मिलीं।

16 लाख रुपये की गिनती, दस्तावेज नहीं मिले

जीआरपी थाने में लाकर नोटों की गिनती की गई तो कुल रकम लगभग 16 लाख रुपये निकली। पूछताछ में युवक ने दावा किया कि यह राशि विभिन्न स्थानों से धीरे-धीरे एकत्र की गई है और इसका उपयोग शादी-विवाह में किया जाना था।

हालांकि, वह इस रकम से जुड़े कोई वैध दस्तावेज प्रस्तुत नहीं कर सका।

आयकर विभाग की जांच

मामले में आयकर विभाग के अधिकारियों ने युवक से पूछताछ की और उसे नोटिस जारी करते हुए छोड़ दिया। बरामद राशि को जांच के लिए जीआरपी थाने के मालखाने में सुरक्षित रखवा दिया गया है।

अधिकारियों के अनुसार, आशंका जताई जा रही है कि यह नकदी पश्चिमी उत्तर प्रदेश के जिलों में किसी बड़े लेनदेन या संदिग्ध गतिविधि से जुड़ी हो सकती है, जिसकी जांच जारी है।

संयुक्त टीम की कार्रवाई

छापेमारी और जांच अभियान में जीआरपी निरीक्षक देवचंद यादव, आरपीएफ निरीक्षक संदीप यादव, जीआरपी उपनिरीक्षक राज बहादुर, सीआईबी के सहायक उपनिरीक्षक राकेश सिंह समेत कई अधिकारी और जवान शामिल रहे।