गुरुवार रात बिथरी इलाके में चोरी की बैटरी की बरामदगी के दौरान अपराधियों ने दबंगों के साथ मिलकर एसओजी टीम पर हमला कर दिया। बिथरी पुलिस ने 12 नामजद आरोपियों के साथ फरीदपुर इनायत खां गांव के पूर्व प्रधान कमलेश पटेल समेत कुल 28 लोगों के खिलाफ मामला दर्ज किया है। करीब दस लोगों को हिरासत में लिया गया है और उनसे पूछताछ जारी है। पुलिस असली मुख्य बदमाशों की तलाश कर रही है।
एसओजी के हेड कांस्टेबल शशि कुमार सिंह ने शिकायत दर्ज करवाई है। उन्होंने बताया कि मुखबिर की सूचना पर उनकी टीम रात साढ़े सात बजे फरीदपुर इनायत गांव से बिथरी रोड पर वाहनों की चेकिंग कर रही थी। इसी दौरान चोरी की बैटरी लेकर जा रही एक पिकअप गाड़ी को रोकने पर उसमें सवार तीन लोग अभद्रता करने लगे। बाद में पीछे से आई स्विफ्ट कार में बैठे चार-पाँच लोगों ने एसओजी टीम से सीधे पूछताछ शुरू कर दी।
कांस्टेबलों के अनुसार आरोपियों ने कहा कि “पुलिस फिजूल में चेकिंग कर जनता को परेशान करती है, आज इन्हें सबक सिखा दो।” इसके बाद उन्होंने गांव में आवाज देकर भीड़ जुटा ली और लाठी-डंडों से हमला कर दिया। इस हमले में कांस्टेबल मधुर, हेड कांस्टेबल कमल, अनुज गंभीर, शशि कुमार और ज्ञानेंद्र घायल हुए। सूचना मिलने पर बिथरी थाना पुलिस मौके पर पहुंची, जिससे स्थिति काबू में आई।
आरोपी और कार्रवाई
हेड कांस्टेबल शशि कुमार सिंह की रिपोर्ट में बारादरी के संजय नगर निवासी धर्मवीर, सूफी टोला के सैफ, मुरादाबाद के अकबरपुर गांव के वारिस, बिथरी थाना क्षेत्र के राजीव पटेल, म्यूड़ी खुर्द निवासी कमल पटेल और बहेड़ी निवासी विमल कुमार को नामजद किया गया है।
इसके अलावा फरीदपुर इनायत खां गांव के पूर्व प्रधान कमलेश, संजीव, अभिमन्यु, नरेश, पप्पू और दीपक भी आरोपियों में शामिल हैं। कुल 12 नामजद लोगों के साथ 16 अज्ञात लोगों को भी आरोपी बनाया गया है।
बिथरी थाना प्रभारी सीपी शुक्ला ने बताया कि भीड़ में शामिल अन्य लोगों की पहचान कर उनके नाम उजागर किए जाएंगे। धरपकड़ अभियान शुरू हो चुका है और जल्द ही हमले के सभी आरोपी जेल भेजे जाएंगे।