उत्तर प्रदेश के उपमुख्यमंत्री केशव प्रसाद मौर्य ने सपा और कांग्रेस पर महिला आरक्षण बिल का विरोध करने को लेकर निशाना साधा है। उन्होंने कहा कि इन दोनों दलों ने इस बिल का विरोध कर अपनी “महिला विरोधी सोच” को उजागर किया है।

सर्किट हाउस में बुधवार को पत्रकारों से बातचीत करते हुए डिप्टी सीएम ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी द्वारा लाए गए महिला आरक्षण विधेयक का भी पहले सपा और कांग्रेस ने विरोध किया था। उनका आरोप है कि राहुल गांधी और अखिलेश यादव नहीं चाहते कि देश की सामान्य महिलाएं संसद और विधानसभाओं तक पहुंचें, बल्कि वे केवल अपने परिवार की महिलाओं को ही आगे देखना चाहते हैं।

उन्होंने कहा कि महिलाओं को संसद और विधानसभाओं में 33 प्रतिशत आरक्षण मिलने की जो उम्मीद थी, उस पर कांग्रेस, सपा, टीएमसी और आरजेडी ने बाधा डालने का काम किया है, जिससे देश की जनता में नाराजगी है।

मौर्य ने यह भी कहा कि अखिलेश यादव की मांग है कि महिला आरक्षण में मुस्लिम महिलाओं को भी शामिल किया जाए, जबकि संविधान में धर्म के आधार पर आरक्षण का कोई प्रावधान नहीं है। उन्होंने आरोप लगाया कि ये सभी दल महिला, पिछड़ा, गरीब और किसान विरोधी मानसिकता रखते हैं।

डिप्टी सीएम ने उदाहरण देते हुए कहा कि राहुल गांधी की मां सोनिया गांधी राज्यसभा सांसद हैं और बहन प्रियंका गांधी लोकसभा की सदस्य हैं। वहीं, सपा प्रमुख अखिलेश यादव की पत्नी डिंपल यादव भी सांसद हैं। उन्होंने तंज कसते हुए कहा कि ये नेता चाहते हैं कि केवल उनके परिवार की महिलाएं ही राजनीति में आगे बढ़ें।