उन्नाव। दोस्ती और प्यार के बाद शादी के बंधन में बंधी नवविवाहिता का शव सोमवार तड़के उसके घर के कमरे में पंखे से दुपट्टे के सहारे लटका मिला। मृतका के परिजनों ने ससुराल वालों पर दहेज हत्या का आरोप लगाते हुए पुलिस में तहरीर दी।
पुलिस ने मामले में पति, सास-ससुर और दो ननों के खिलाफ दहेज हत्या का मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। मृतका के परिजन बेटी की आकस्मिक मौत से सदमे में हैं। वहीं ससुराल पक्ष का कहना है कि पत्नी ने खुद जान देने का कदम उठाया।
जानकारी के अनुसार, सूरज सिंह, निवासी आवास विकास कालोनी ब्लॉक ए-303, की शादी 4 दिसंबर 2025 को स्वेक्षा सिंह से हुई थी। स्वेक्षा ब्यूटी पार्लर चलाती थीं और वहीं उनकी सूरज से मुलाकात हुई थी। दोनों के प्रेम प्रसंग के बाद शादी हुई थी।
सोमवार सुबह लगभग पांच बजे स्वेक्षा का शव कमरे में फंदे पर लटका पाया गया। मायके के लोगों ने बताया कि शादी के बाद से सूरज के परिवार वालों की दहेज संबंधी मांगें लगातार बढ़ती जा रही थीं। उनके अनुसार, इसी कारण ससुराल वालों ने बहू की हत्या की।
पुलिस ने तहरीर के आधार पर सूरज, उसकी मां मधू, पिता श्याम नरेश और बहनों स्वाती व श्रद्धा के खिलाफ दहेज हत्या का मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। दही थाना प्रभारी ज्ञानेंद्र सिंह ने बताया कि शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजा गया है और रिपोर्ट आने के बाद आगे की कार्रवाई की जाएगी।
पति फैक्ट्री से लौटे थे तड़के तीन बजे
ससुरालियों ने बताया कि सूरज तड़के तीन बजे फैक्ट्री से घर लौटे थे। उस समय स्वेक्षा सो रही थीं। लगभग पांच बजे अलार्म बजने पर सूरज ने देखा कि पत्नी बिस्तर पर नहीं हैं। तलाश करने पर बगल के कमरे में उनका शव फंदे से लटका मिला।
ससुर श्याम नरेश ने बताया कि घर में किसी तरह का झगड़ा या तनाव नहीं था और सब कुछ सामान्य था। वे समझ नहीं पा रहे कि बहू ने ऐसा कदम क्यों उठाया।
शादी के एक महीने पर भाई ने दिया था केक
दिवंगत स्वेक्षा के भाई हनी ने बताया कि 4 जनवरी को शादी के एक महीने पूरे होने पर उन्होंने बहन के घर केक और चॉकलेट लेकर गए थे। स्वेक्षा ने इसे लेने से मना कर दिया था और कोई खास कारण नहीं बताया। हनी ने यह भी बताया कि पिता की मौत कोरोना काल में हुई थी।