हाथरस: शुक्रवार दोपहर गांव सीकुर में 30 बीघा जमीन के विवाद ने खूनी रूप ले लिया। भीमसेन (45) को उनके दो भाई और भतीजे लाठी, डंडे, फावड़ा और दराती से मारकर अधमरा कर दिया। इस दौरान उनकी 17 वर्षीय बेटी खुशी भी घायल हुई। पुलिस के अनुसार, भीमसेन और उनकी बेटी खेत में चारा काट रहे थे, तभी बड़े भाई रवेंद्र, छोटे भाई पूरन और पूरन का बेटा यशवीर पहुंचे।
जमीनी विवाद के चलते हुई हत्या
अरोपियों ने भीमसेन से अपने हिस्से की जमीन मांगना शुरू किया, जिससे कहासुनी हुई। बहस बढ़ने पर तीनों ने उन्हें पीटना शुरू कर दिया। बेटी खुशी ने बचाव करने की कोशिश की तो उस पर भी हमला किया गया। भीमसेन को खेत में गिरा कर सिर पर कई वार किए गए। हमलावर घटनास्थल से फरार हो गए।
पुलिस और फॉरेंसिक टीम की कार्रवाई
खून में लथपथ भीमसेन को सासनी सीएचसी ले जाया गया, जहां चिकित्सकों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया। मौके पर पुलिस, फॉरेंसिक और सर्विलांस टीम ने छानबीन की। खेत में खून से सना फावड़ा, बैंत, गमछा और दराती बरामद किए गए। ग्रामीणों से पूछताछ की गई।
परिवार और पूर्व विवाद
भीमसेन की पत्नी का 10 साल पहले निधन हो गया था। अब भीमसेन अपने दो बच्चों की जिम्मेदारी निभा रहे थे। पिता ने दो साल पहले 30 बीघा जमीन भीमसेन के नाम कर दी थी, जिसके बाद भाइयों ने इसे हड़पने की कोशिश की। पिछले वर्षों में कई बार जमीन को लेकर विवाद हो चुका था।
घटनाक्रम और प्रतिक्रिया
बृहस्पतिवार को त्रयोदशी कार्यक्रम में रवेंद्र और पूरन गांव आए थे। शुक्रवार को अचानक खेत में भीमसेन और खुशी के सामने हमला किया। बेटी खुशी ने रोते हुए बताया कि उसने पिता को बचाने की कोशिश की, लेकिन हमलावर खून में लथपथ थे।
पुलिस की कार्रवाई
भीमसेन के बेटे हरकेश की पत्नी वीनेश ने तीनों के खिलाफ हत्या की रिपोर्ट दर्ज कराई। पुलिस आरोपियों की तलाश कर रही है। एएसपी रामानंद कुशवाहा के अनुसार, भाइयों के बीच जमीन विवाद हत्या की मुख्य वजह है।