चेन्नई: थलापति विजय की फिल्म ‘जन नायकन’, जिसे उनकी आखिरी फिल्म माना जा रहा है, रिलीज़ से पहले ही विवादों में फंस गई है। फिल्म के मेकर्स अपने सेंसर सर्टिफिकेट को लेकर अब सुप्रीम कोर्ट का रुख कर चुके हैं। इस बीच तमिल सिनेमा के कई कलाकारों ने फिल्म का समर्थन किया है। अब इस मामले पर कांग्रेस नेता और नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी ने भी अपनी प्रतिक्रिया दी है।
राहुल गांधी का बयान
राहुल गांधी ने कहा कि फिल्म को रिलीज़ होने से रोकने का प्रयास तमिल संस्कृति पर हमला है। उन्होंने अपने सोशल मीडिया पोस्ट में लिखा, “सूचना एवं प्रसारण मंत्रालय द्वारा 'जन नायकन' को रोकने का प्रयास तमिल संस्कृति पर हमला है। पीएम मोदी, आप तमिल जनता की आवाज़ को दबाने में कभी सफल नहीं होंगे।”
मद्रास हाईकोर्ट का आदेश
इससे पहले, पिछले हफ्ते मद्रास हाईकोर्ट ने फिल्म को यूए सर्टिफिकेट जारी करने का आदेश दिया था। अदालत ने कहा कि CBFC के चेयरपर्सन का फिल्म को रिवाइजिंग कमेटी के पास भेजने का अधिकार अवैध था। कोर्ट ने स्पष्ट किया कि जब चेयरपर्सन ने सिफारिश की थी कि सर्टिफिकेट कट के बाद जारी किया जाएगा, तब उनका यह अधिकार समाप्त हो गया। इसके बाद निर्माताओं ने सर्टिफिकेट जारी करने की मांग के साथ अदालत का रुख किया।
मामला सुप्रीम कोर्ट तक पहुंचा
अब मद्रास हाईकोर्ट के इस फैसले को चुनौती देते हुए मामला सुप्रीम कोर्ट में पहुंच गया है। चुनौती में दावा किया गया है कि फिल्म रिलीज़ से पहले सभी कानूनी प्रक्रियाओं का पालन होना आवश्यक है और किसी भी सर्टिफिकेट को रोकने या जारी करने पर रिव्यू का अधिकार बनाए रखना चाहिए। सुप्रीम कोर्ट ने अभी मामले की सुनवाई की तारीख तय नहीं की है, जिससे फिल्म की रिलीज़ को लेकर अनिश्चितता बनी हुई है।