समाचार एजेंसी रॉयटर्स के अनुसार, सऊदी अरब की प्रमुख तेल कंपनी अरामको की लाल सागर तटवर्ती रिफाइनरी 'SAMREF' (यानबू बंदरगाह) पर गुरुवार को हवाई हमला किया गया।
विशेषज्ञों का अनुमान है कि यह हमला कतर और UAE की ऊर्जा सुविधाओं पर हाल ही में हुए हमलों के तुरंत बाद हुआ है। कुछ सुरक्षा विश्लेषक इसे ईरानी ऊर्जा ठिकानों पर अमेरिका और इजरायल के संभावित हमलों का प्रतिशोध भी मान रहे हैं।
उद्योग सूत्रों की रिपोर्ट के अनुसार, इस हमले से SAMREF रिफाइनरी को अपेक्षाकृत मामूली नुकसान ही पहुंचा है और संचालन में फिलहाल कोई बड़ी बाधा नहीं आई है।
इससे पहले, ईरान के इस्लामिक रिवोल्यूशनरी गार्ड कॉर्प्स ने सऊदी अरब, UAE और कतर में कई तेल रिफाइनरी को निशाना बनाने की चेतावनी जारी की थी, जिसमें SAMREF रिफाइनरी भी शामिल थी।
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