अमेरिका में ईरान के खिलाफ जारी सैन्य कार्रवाई के बीच नेशनल काउंटरटेररिज्म सेंटर के निदेशक जो केंट ने अपने पद से इस्तीफा दे दिया है। उन्होंने कहा कि वे ट्रंप प्रशासन की नीति का समर्थन नहीं कर सकते, क्योंकि उनके अनुसार यह युद्ध अमेरिका की सुरक्षा के लिए नहीं बल्कि राजनीतिक दबाव और लॉबी के प्रभाव में शुरू किया गया।
जो केंट ने सोशल मीडिया पर बयान देते हुए स्पष्ट किया कि ईरान से अमेरिका को कोई तत्काल खतरा नहीं था। उन्होंने कहा कि इस युद्ध में उनके साथ खड़ा होना उनकी अंतरात्मा के खिलाफ है, इसलिए उन्होंने पद छोड़ने का फैसला किया।
जो केंट का कहना है कि ईरान ने अमेरिका के लिए कोई प्रत्यक्ष या तत्काल खतरा पैदा नहीं किया था। उनका मानना है कि युद्ध का निर्णय पूरी तरह राजनीतिक परिस्थितियों और दबाव के कारण लिया गया। उन्होंने इस नीति का समर्थन नहीं करने की वजह से इस्तीफा देने का निर्णय लिया।
जो केंट कौन हैं?
जो केंट अमेरिका के नेशनल काउंटरटेररिज्म सेंटर के निदेशक थे, जो वैश्विक आतंकवादी खतरों का विश्लेषण और उनसे निपटने की रणनीति तैयार करता है। जुलाई में उन्हें सीनेट से 52-44 वोट के साथ यह पद मिला था। इससे पहले केंट वॉशिंगटन राज्य से कांग्रेस चुनाव भी लड़ चुके हैं।
सैन्य और खुफिया अनुभव
जो केंट ने अमेरिकी सेना में ग्रीन बेरेट कमांडो के रूप में लंबा समय सेवा दी और 11 अलग-अलग मिशनों में तैनात रहे। सेना छोड़ने के बाद उन्होंने सीआईए में काम किया और फिर ट्रंप प्रशासन में महत्वपूर्ण जिम्मेदारी संभाली।
ट्रंप प्रशासन पर प्रभाव
विशेषज्ञों का मानना है कि आतंकवाद विरोधी एजेंसी के प्रमुख का इस्तीफा ट्रंप प्रशासन के लिए राजनीतिक और कूटनीतिक चुनौती बन सकता है। अमेरिका और इस्राइल की ईरान नीति पर इस कदम के बाद नए सवाल उठ सकते हैं, जिससे वैश्विक स्तर पर बहस और तेज हो सकती है।