प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने मंगलवार को ईरान के राष्ट्रपति मसूद पेजेशकियन से फोन पर बातचीत की। इस दौरान दोनों नेताओं के बीच पश्चिम एशिया में हालिया घटनाक्रम और बदलते क्षेत्रीय हालात पर विस्तार से चर्चा हुई। राष्ट्रपति पेजेशकियन ने प्रधानमंत्री मोदी को क्षेत्र की मौजूदा स्थिति और आगे की संभावनाओं के बारे में जानकारी दी।

यह बातचीत ईरान और अमेरिका के बीच हाल ही में हुए समझौते के बाद दोनों नेताओं के बीच पहली वार्ता मानी जा रही है। इससे पहले मार्च में भी प्रधानमंत्री मोदी और राष्ट्रपति पेजेशकियन के बीच बातचीत हुई थी, जिसमें ईद-नौरोज के अवसर पर शुभकामनाओं का आदान-प्रदान किया गया था।

वार्ता के दौरान प्रधानमंत्री मोदी ने हालिया शांति समझौते का स्वागत किया और कहा कि भारत हमेशा से यह मानता रहा है कि किसी भी विवाद का समाधान बातचीत और कूटनीति के माध्यम से ही संभव है। उन्होंने क्षेत्र में स्थायी शांति और स्थिरता बनाए रखने के लिए लगातार प्रयासों की आवश्यकता पर जोर दिया।

प्रधानमंत्री ने विशेष रूप से समुद्री मार्गों की सुरक्षा और निर्बाध अंतरराष्ट्रीय व्यापार की अहमियत को रेखांकित किया। उन्होंने कहा कि वैश्विक आपूर्ति श्रृंखला और आर्थिक स्थिरता के लिए नौवहन की स्वतंत्रता बेहद जरूरी है, खासकर होर्मुज जलडमरूमध्य जैसे रणनीतिक मार्गों पर।

प्रधानमंत्री मोदी ने बाद में सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ‘एक्स’ पर भी इस बातचीत का उल्लेख करते हुए कहा कि दोनों नेताओं के बीच पश्चिम एशिया की स्थिति और शांति प्रयासों पर चर्चा हुई। उन्होंने उम्मीद जताई कि निरंतर संवाद और प्रयासों से क्षेत्र में स्थायी शांति स्थापित की जा सकेगी।

गौरतलब है कि 18 जून को ईरान और अमेरिका के बीच पश्चिम एशिया में तनाव कम करने को लेकर एक समझौता ज्ञापन (MoU) पर हस्ताक्षर हुए थे, जिसमें लेबनान से जुड़े मुद्दे भी शामिल बताए जाते हैं। दोनों पक्ष अब ईरान के परमाणु कार्यक्रम और प्रतिबंधों से राहत जैसे विषयों पर अंतिम समझौते की दिशा में बातचीत कर रहे हैं।

इसी बीच, ईरान के पूर्व सुप्रीम लीडर अयातुल्लाह अली खामेनेई के अंतिम संस्कार कार्यक्रम को लेकर भी अंतरराष्ट्रीय स्तर पर तैयारियां चल रही हैं। जानकारी के अनुसार, 4 जुलाई को होने वाले दफन कार्यक्रम में भारत की ओर से बिहार के राज्यपाल लेफ्टिनेंट जनरल (रिटायर्ड) सैयद अता हसनैन और विदेश राज्य मंत्री पबित्रा मार्गेरिटा शामिल होंगे और भारत का प्रतिनिधित्व करेंगे।