मुंबई के वानखेड़े स्टेडियम में खेले गए मुकाबले में वेस्टइंडीज ने जिम्बाब्वे को करारी शिकस्त दी। 20 ओवर के मुकाबले में वेस्टइंडीज ने जिम्बाब्वे को 107 रन से हराते हुए T20 वर्ल्ड कप इतिहास में अपनी दूसरी सबसे बड़ी जीत दर्ज की। सुपर-8 स्टेज में यह जीत न केवल वेस्टइंडीज के लिए महत्वपूर्ण रही, बल्कि भारतीय टीम के लिए भी चिंता का विषय बन गई है।
5 मैचों की लगातार जीत का रिकॉर्ड
इस जीत के साथ वेस्टइंडीज ने T20 वर्ल्ड कप में पहली बार लगातार 5 मुकाबले जीतने का कारनामा किया। इसमें ग्रुप स्टेज के 4 मैच और सुपर-8 में जिम्बाब्वे के खिलाफ खेला गया मुकाबला शामिल है। इस शानदार प्रदर्शन के बाद वेस्टइंडीज ग्रुप ए की पॉइंट्स टेबल में शीर्ष पर पहुँच गई है।
जिम्बाब्वे की बुरी हालत
255 रन के लक्ष्य का पीछा करने उतरी जिम्बाब्वे की शुरुआत बेहद कमजोर रही। पावरप्ले में उसके तीन टॉप ऑर्डर बल्लेबाज सिर्फ 50 रन के अंदर पवेलियन लौट गए। 100 रन भी नहीं बने कि टीम की आधी विकेट गंवा चुकी थी। कमजोर टॉप ऑर्डर के कारण जिम्बाब्वे नीचले क्रम से उम्मीदें पूरी नहीं कर पाया और उसकी पूरी पारी 17.4 ओवर में केवल 147 रन पर समाप्त हो गई।
जिम्बाब्वे की ओर से ब्रैड इवांस ने 43 रन बनाए। वेस्टइंडीज की तरफ से गुडाकेश मोती ने 4 ओवर में 28 रन देकर 4 विकेट झटके, जबकि अकीला हुसैन ने 3 विकेट लिए।
वेस्टइंडीज का धमाकेदार स्कोर
वेस्टइंडीज ने 20 ओवर में 6 विकेट पर 254 रन बनाकर T20 वर्ल्ड कप का दूसरा सबसे बड़ा स्कोर बनाया। शिमरोन हेटमायर ने 34 गेंदों में 85 रन और रॉवमैन पॉवेल ने 35 गेंदों में 59 रन बनाए। इन दोनों के बल्ले से इनिंग में कुल 19 छक्के लगे।
भारत के लिए टेंशन बढ़ी
जिम्बाब्वे पर बड़ी जीत के बाद वेस्टइंडीज का रन रेट 5 से ऊपर पहुंच गया है, जबकि भारत का रन रेट अभी माइनस में है। इस स्थिति में भारत के लिए अब साउथ अफ्रीका का वेस्टइंडीज के खिलाफ जीतना बेहद जरूरी हो गया है।