राष्ट्रीय जनता दल के प्रमुख लालू प्रसाद यादव ने एक बार फिर से बाबरी मस्जिद का मुद्दा उठाया है। इसके अलावा वर्ष 1990 में अपने मुख्यमंत्री कार्यकाल के दौरान भाजपा नेता लाल कृष्ण आडवाणी को गिरफ्तार किए जाने की बात की भी याद दिलाई है।  दरअसल, सोमवार रात राजद सुप्रीमो लालू प्रसाद यादव ने अपने पुराने दिनों को याद करते हुए ट्वीट किया कि 'राम जन्मभूमि-बाबरी मस्जिद के मसले ने देश को एक नाजुक मोड़ पर खड़ा कर दिया था। मैंने आडवाणी को गिरफ्तार कर पूरे विश्व को एक संदेश दिया था कि भारत में आज भी शांतिप्रिय व धर्मनिरपेक्ष ताकतें मजबूत हैं। हममें इतनी शक्ति है कि हम फिरकापरस्त व फासीवादी ताकतों को उखाड़ फेकें।

गौरतलब है कि राष्ट्रीय जनता दल ने 6 दिसंबर यानी सोमवार को बाबरी मस्जिद शहादत दिवस मनाने का फैसला किया था। पार्टी के प्रदेश कार्यालय में बाबरी मस्जिद शहादत दिवस का आयोजन की जानकारी प्रदेश अध्यक्ष जगदानंद सिंह ने की थी।

https://twitter.com/laluprasadrjd/status/1467800361024974849?t=JkY6eafkQawvUHmQM8jn9g&s=19

23 अक्तूबर 1990 को लालू ने किया था आडवाणी को गिरफ्तार
आडवाणी की रथ यात्रा 25 सितंबर 1990 को सोमनाथ से शुरू होकर 30 अक्तूबर को अयोध्या में कारसेवा के साथ खत्म होनी थी। मगर, बिहार पहुंचते-पहुंचते यात्रा को इतना जनसमर्थन मिला कि तत्कालीन सरकारें घबरा गईं। बिहार के तत्कालीन मुख्यमंत्री लालू प्रसाद यादव ने 23 अक्तूबर को ही आडवाणी को गिरफ्तार कर लिया।

जातिगत जनगणना को लेकर लालू ने साधा निशाना
लालू प्रसाद यादव ने जातिगत जनगणना को लेकर भाजपा सरकार पर निशाना साधा। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और भाजपा यह सुनिश्चित करने की योजना बना रहे हैं कि जाति आधारित जनगणना न हो। देश में एससी/एसटी की आबादी बढ़ी है इसलिए सरकार को उन्हें नौकरी देनी पड़ रही है। सरकार इनकार कर सकती है, लेकिन हम यह सुनिश्चित करेंगे कि जाति आधारित जनगणना हो।