कैथल के गांव करोड़ा में शुक्रवार रात एसटीएफ रोहतक की टीम के साथ तीन बदमाशों की जो मुठभेड़ हुई। तीनों सांघी के रहने वाले हैं। तीन दिन पहले 25 अक्तूबर को तीनों ने पुराने केस में गवाही देने पर गांव के युवक विक्रम पर जानलेवा हमला किया था। आरोपी कृष्ण पर सात, सागर पर दो व आकाश के खिलाफ तीन केस दर्ज हैं। मुठभेड़ के बाद एक आरोपी आकाश उर्फ गोलू को पुलिस पकड़ने में कामयाब रही, जबकि कृष्ण व सागर फरार हैं।
एसटीएफ रोहतक के पुलिस अधिकारी सुरेंद्र ने बताया कि पुख्ता सूचना मिली थी कि सांघी गांव में फायरिंग के बाद आरोपी कृष्ण, सागर व आकाश कैथल की तरफ फरार हुए हैं। एफटीएफ की टीम ने उनको दबोचने के लिए डेरा डाल लिया। दो दिन गहन छानबीन के बाद कैथल की सीआईए टीम को साथ लिया। मुठभेड़ में कैथल पुलिस के हवलदार को आरोपियों ने गोली मार दी। पुलिस 19 वर्षीय आकाश उर्फ गोलू को दबोचने में कामयाब रही। अभी कैथल पुलिस ही कार्रवाई कर रही है।
गांव के युवक को दी थी धमकी, गवाही दी तो ठीक नहीं रहेगा
पुलिस रिकाॅर्ड के मुताबिक सांघी गांव निवासी विक्रम ने 25 अक्तूबर को सदर थाने में शिकायत दी थी कि सुबह साढ़े पांच बजे वह पशुओं को चारा डाल रहा था। दो युवक आए। बाहर बाइक पर मौजूद लड़के ने कहा, मारो इसको ही मारना है। युवकों ने उसके ऊपर एक-एक गोली चलाई। वह बुग्गी नीचे छुप गया। उसने ईंट उठाकर युवकों की तरफ फेंकी तो वे बाहर बाइक लेकर खड़े युवक के साथ बाइक पर बैठकर भाग गए। विक्रम का कहना था कि 20-25 दिन पहले कृष्ण का पिता राजसिंह उसके घेर में आया था। बोल रहा था तुने कृष्ण के खिलाफ गवाही दी है। अच्छा नहीं किया। अपना ब्योत (वजूद) देख लेना। बच के रहना, तेरे को भी देखेंगे। रंजिश के चलते कृष्ण व दो अन्य युवकों आकाश व सागर ने राजसिंह के साथ योजना बनाकर उसके मारने के लिए गोलियां चलाई हैं।
जानें...किस पर कितने केस हैं दर्ज
पुलिस रिकार्ड के मुताबिक सांघी गांव निवासी कृष्ण के खिलाफ सात केस हैं, सिसमें सबसे पहले 2012 में धोखाधड़ी का केस शिवाजी कॉलोनी थाने में दर्ज हुआ था। जमानत पर आने के बाद 2018, 2020, 2022 व 2023 में केस दर्ज हुई। तीन केस हत्या के प्रयास के हैं। वहीं, आकाश उर्फ गोलू व सागर सगे भाई हैं। गोलू के खिलाफ तीन केस दर्ज हैं, जिसमें दो हत्या के प्रयास के हैं। जबकि सागर के खिलाफ जानलेवा हमला करने के दो केस दर्ज हैं।