लखनऊ। राजधानी लखनऊ में पीएनजी नेटवर्क वाले क्षेत्रों में अब घरों में एलपीजी की आपूर्ति रोकने के केंद्र सरकार के आदेश के बाद प्रशासन सक्रिय हो गया है। पीएनजी कनेक्शन के लिए ग्रीन गैस लिमिटेड ने संबंधित इलाकों का सर्वे शुरू कर दिया है।
कनेक्शन के लिए प्रक्रिया और शुल्क
पीएनजी कनेक्शन लेने के लिए उपभोक्ताओं को 6,000 रुपये एकमुश्त पंजीकरण शुल्क जमा करना होगा। इसके लिए आवेदन ऑनलाइन वेबसाइट पर किया जा सकता है। इसके अलावा, ग्रीन गैस के शहीद पथ स्थित कार्यालय में जाकर ऑफलाइन आवेदन भी किया जा सकता है।
लखनऊ में पीएनजी नेटवर्क
लखनऊ में पीएनजी का नेटवर्क लगभग 3,000 किलोमीटर फैला है, जिसमें अब तक 80,000 घरों में कनेक्शन मिल चुके हैं। पुराने शहर को छोड़कर अधिकांश क्षेत्रों में पाइपलाइन मौजूद है। ग्रीन गैस के डीजीएम प्रवीण सिंह ने बताया कि सिर्फ उन्हीं क्षेत्रों के लोग आवेदन कर पाएंगे जहां पर पीएनजी पाइपलाइन उपलब्ध है।
एलपीजी धारकों के लिए अनिवार्यता
पेट्रोलियम मंत्रालय के संशोधित आदेश के अनुसार, जिन घरों में पीएनजी नेटवर्क है, वहां एलपीजी लेना अनिवार्य होगा। अगर कोई एलपीजी कनेक्शन धारक तीन माह के भीतर पीएनजी कनेक्शन नहीं लेता, तो उसका एलपीजी सप्लाई बंद कर दिया जाएगा। लखनऊ में अनुमानित 90,000 से 1 लाख घरों में पीएनजी कनेक्शन मिलने की संभावना है।
एलपीजी सरेंडर के मैसेज
निर्देश लागू होने के बाद उपभोक्ताओं के अधिकृत नंबरों पर एलपीजी कनेक्शन सरेंडर करने के मैसेज आने लगे हैं। यह उन मकान मालिकों और किराएदारों के लिए परेशानी पैदा कर रहा है जो फिलहाल अपने मकान में नहीं हैं।
आवेदन करने योग्य क्षेत्र
- गोमतीनगर – सभी खंड और विस्तार
- जानकीपुरम और जानकीपुरम विस्तार
- रायबरेली रोड, अंसल, ओमेक्स, इंदिरा नगर – सभी सेक्टर
- गौतम पल्ली, विक्रमादित्य मार्ग, गर्वनर हाउस, मेट्रो सिटी, निशातगंज, कैंट, आशियाना कालोनी, वृंदावन योजना
- एलडीए कालोनी कानपुर रोड – सभी खंड
- साउथ सिटी, शारदारनगर, अवध विहार – सभी खंड
- विकासनगर और कुर्सी रोड, अलीगंज, महानगर, अयोध्या रोड, शहीद पथ, कानपुर रोड और राजाजीपुरम