यूपी: समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव ने उत्तर प्रदेश में गहराते बिजली संकट को लेकर भाजपा सरकार पर तीखा हमला बोला है। उन्होंने आरोप लगाया कि राज्य में बिजली व्यवस्था पूरी तरह चरमरा गई है और इसकी जिम्मेदारी सरकार की नीतियों पर है।
अखिलेश यादव ने कहा कि आगामी चुनाव में जनता भाजपा को करारा जवाब देगी और सत्ता से बाहर कर देगी। उन्होंने तंज कसते हुए कहा कि यह राहत की बात है कि मुख्यमंत्री ने अभी तक बिजली संकट को किसी “साजिश” से जोड़ने की बात नहीं कही है।
अपने बयान में अखिलेश यादव ने सवाल उठाया कि मुख्यमंत्री की समीक्षा बैठकों में बिजली मंत्री शामिल होते हैं या नहीं। यदि वे बैठकों में मौजूद रहते हैं, तो सरकार को उनकी एक तस्वीर साझा करनी चाहिए ताकि जनता को यह भरोसा हो सके कि दोनों के बीच समन्वय है।
उन्होंने आगे कहा कि प्रदेश में हालात ऐसे हैं कि बिजली सब-स्टेशनों पर सुरक्षा बल तैनात करने पड़ते हैं, जबकि कई जनप्रतिनिधि अपनी ही सरकार की आलोचना करते हुए पत्र लिखने को मजबूर हैं, ताकि जनता के आक्रोश से बचा जा सके।
सपा प्रमुख ने आरोप लगाया कि पिछले दस वर्षों में सरकार ने बिजली क्षेत्र के विकास पर पर्याप्त ध्यान नहीं दिया। न तो नए उत्पादन संयंत्र लगाए गए और न ही बिजली उत्पादन क्षमता में कोई उल्लेखनीय वृद्धि हुई। उन्होंने कहा कि सरकार सिर्फ मीटर बदलने जैसी प्रक्रियाओं के जरिए जनता पर अतिरिक्त बोझ डाल रही है।
अखिलेश यादव ने यह भी दावा किया कि बिजली सुधारों के बजाय सरकार लगातार ऐसे तर्क दे रही है, जिनसे वास्तविक समस्याओं से ध्यान भटकाया जा रहा है, जबकि जनता लगातार महंगी और अनियमित बिजली आपूर्ति से परेशान है।