नोएडा। औद्योगिक क्षेत्रों में हाल ही में हुए हिंसक प्रदर्शन के बाद प्रशासन ने हालात सामान्य करने के लिए सख्त कदम उठाए हैं। सेक्टर-1, 2 और 3 में सुरक्षा व्यवस्था को मजबूत करते हुए भारी पुलिस बल और अर्धसैनिक बलों की तैनाती की गई है, ताकि औद्योगिक गतिविधियां और शैक्षणिक संस्थान फिर से सुचारु रूप से संचालित हो सकें।

हर प्रमुख स्थान पर पुलिस तैनात

प्रशासन ने संवेदनशील इलाकों में अस्थायी चौकियां बनाकर पुलिस जवानों को तैनात किया है। इसके साथ ही पुलिस कमिश्नर, जिलाधिकारी और अन्य वरिष्ठ अधिकारी लगातार फ्लैग मार्च कर हालात का जायजा ले रहे हैं। बुधवार को करीब 11,098 औद्योगिक इकाइयों और शैक्षणिक संस्थानों के दोबारा खुलने की तैयारी की गई है।

प्रशासन ने दिया सुरक्षा का भरोसा

जिलाधिकारी और पुलिस कमिश्नर ने श्रमिकों और विद्यार्थियों के अभिभावकों को भरोसा दिलाया है कि क्षेत्र में पूरी सुरक्षा व्यवस्था की गई है। हालांकि फेज-2 स्थित मदरसन कंपनी में करीब 20 हजार मजदूरों की पंचायत के ऐलान से कुछ उद्यमियों के बीच अब भी सुरक्षा को लेकर चिंता बनी हुई है।

सोमवार को हुआ था बड़ा उपद्रव

गौरतलब है कि सोमवार को वेतन बढ़ोतरी की मांग को लेकर श्रमिकों का प्रदर्शन हिंसक हो गया था। इस दौरान कई औद्योगिक सेक्टरों में करीब 500 फैक्ट्रियों में तोड़फोड़ की गई और सड़कों पर खड़े लगभग 10 हजार वाहनों को नुकसान पहुंचाया गया। कुछ स्थानों पर कार सर्विस सेंटर के बाहर खड़े वाहनों को आग के हवाले भी कर दिया गया था।

मंगलवार को बंद रहीं फैक्ट्रियां

हिंसा के बाद औद्योगिक संगठनों ने सुरक्षा व्यवस्था मजबूत होने तक इकाइयों का संचालन रोकने का फैसला लिया था, जिसके चलते मंगलवार को अधिकांश औद्योगिक इकाइयां बंद रहीं। अब दोबारा संचालन शुरू कराने के लिए प्रशासन ने व्यापक सुरक्षा इंतजाम किए हैं।

छह हजार पुलिसकर्मी तैनात

पुलिस प्रशासन ने तीनों औद्योगिक क्षेत्रों में करीब 6 हजार पुलिसकर्मियों को तैनात किया है। इसके अलावा सहारनपुर, आगरा, मुजफ्फरनगर, मथुरा, बुलंदशहर और सिकंदराबाद सहित कई जिलों की पुलिस फोर्स को भी जरूरत पड़ने पर तुरंत तैनाती के लिए स्टैंडबाय पर रखा गया है।

उपद्रवियों पर सख्त कार्रवाई की तैयारी

औद्योगिक इकाइयों और स्कूलों के दोबारा खुलने से पहले प्रशासनिक अधिकारियों ने लगातार बैठकों के जरिए स्थिति को सामान्य बनाने की रणनीति तैयार की है। अधिकारियों का कहना है कि किसी भी अराजक तत्व को बख्शा नहीं जाएगा।

पुलिस कमिश्नर लक्ष्मी सिंह ने श्रमिकों से अपील की है कि वे अपने काम पर लौटें और शांति बनाए रखें। उन्होंने चेतावनी दी कि अगर किसी ने दोबारा हिंसा या तोड़फोड़ की कोशिश की तो पुलिस और अर्धसैनिक बल तत्काल कार्रवाई करेंगे।