वाराणसी। बहुचर्चित चिकित्सक घनश्याम तिवारी हत्याकांड में मंगलवार को एडीजे प्रथम संध्या चौधरी की अदालत ने दोषियों की सजा का ऐलान किया। अदालत ने अजय नारायण सिंह और दीपक सिंह को उम्रकैद और अर्थदंड की सजा सुनाई। दोनों दोषियों को जेल भेजने का आदेश भी दिया गया है।

अभियोजन पक्ष का बयान

अभियोजन पक्ष से पैरवी कर रहे शासकीय अधिवक्ता पवन कुमार दुबे ने कहा कि न्यायालय पर पूरा भरोसा था और पीड़ित परिवार को न्याय मिलेगा। उन्होंने बताया कि कोर्ट के फैसले का सभी को बेसब्री से इंतजार था, जो अब पूरा हो गया है।

घटना की पृष्ठभूमि

घटना 23 सितंबर 2023 को हुई थी। पीड़िता निशा तिवारी, जो शास्त्री नगर मोहल्ले की निवासी हैं, ने अपने पति घनश्याम तिवारी की हत्या के आरोप में स्थानीय कोतवाली नगर में मुकदमा दर्ज कराया था।

पुलिस ने नारायनपुर गांव निवासी जगदीश नारायण सिंह, विजय नारायण सिंह, अजय नारायण सिंह और धनपतगंज थाने के मायंग निवासी दीपक सिंह के खिलाफ आरोप-पत्र पेश किया था।

आरोपियों की स्थिति

मामले में दो आरोपियों की पहले ही मृत्यु हो चुकी है, जबकि अजय नारायण सिंह और दीपक सिंह के खिलाफ ट्रायल चल रहा था। अभियोजन पक्ष से शासकीय अधिवक्ता पवन कुमार दुबे और निजी अधिवक्ता संतोष कुमार पांडेय ने पैरवी की।