सपा अध्यक्ष और पूर्व मुख्यमंत्री अखिलेश यादव ने प्रदेश में कानून-व्यवस्था की स्थिति को लेकर कड़ी चेतावनी दी है। उन्होंने कहा कि भाजपा सरकार के कार्यकाल में बहन-बेटियों, माताओं और महिलाओं पर अपराध लगातार बढ़ रहा है, जबकि सरकार का जीरो टॉलरेंस केवल दावे तक सीमित है। पुलिस प्रणाली असंयमित है और भ्रष्टाचार चरम पर है। अपराधी और अराजक तत्व खुलेआम अपने कुकृत्य कर रहे हैं।

अखिलेश ने कहा कि मुख्यमंत्री के गृह नगर गोरखपुर समेत पूरे प्रदेश में अपराध रुकने का नाम नहीं ले रहा। नशे और अवैध कारोबार के मामले सामान्य हो गए हैं और यह लगता है कि 'जीरो टॉलरेंस' का नारा कहीं खो गया है। माफिया और अपराधी निर्भय होकर अपने अवैध धंधे चला रहे हैं और उन्हें सत्ता का संरक्षण प्राप्त है।

सपा अध्यक्ष ने यह भी कहा कि पुलिस-प्रशासन मौनदर्शक बनकर प्रदेश में बढ़ते अपराधों को निहार रहा है। भाजपा सरकार के कारण न महिलाएं सुरक्षित हैं, न ही युवा और व्यापारी। उन्होंने चेतावनी दी कि वर्तमान शासन उत्तर प्रदेश को संकट की ओर ले जा रहा है।

साधु-संतों के सम्मान पर जताई चिंता
अखिलेश यादव ने सच्चे साधु-संतों के सम्मान पर भी गंभीर चिंता व्यक्त की। उनका कहना है कि किसी की सत्ता का अहंकार सच्चे साधु-संतों के मान-सम्मान से बड़ा नहीं हो सकता। उन्होंने आरोप लगाया कि जो लोग अपनी व्यक्तिगत सुविधाओं के लिए स्थायी भूमि पर कब्जा जमाए हैं, वे धर्मार्थ कार्य के लिए भूमि आवंटन तक नहीं करने दे रहे।

पूर्व मुख्यमंत्री ने कहा कि कुंभ और माघ मेले जैसी परंपराओं में अधिकारी सदियों से साधु-संतों का आशीर्वाद लेकर कार्य करते आए हैं। लेकिन वर्तमान भाजपा शासन में हालात ऐसे बन गए हैं कि साधु-संतों को धर्मार्थ कार्य के लिए अधिकारियों के सामने जमीन पर लेटकर प्रार्थना करनी पड़ रही है।