मुजफ्फरनगर: समाजवादी पार्टी के सांसद हरेन्द्र मलिक को लोकसभा की सरकारी आश्वासन समिति का एक बार फिर अध्यक्ष बनाया गया है। यह जिम्मेदारी उन्हें लगातार दूसरी बार सौंपी गई है और उनकी नियुक्ति 4 मार्च 2026 से प्रभावी मानी जा रही है।
मुजफ्फरनगर से सांसद मलिक की दोबारा तैनाती को उनके संसदीय अनुभव और सक्रिय भूमिका का परिणाम माना जा रहा है। वह सपा के राष्ट्रीय महासचिव भी हैं और पार्टी में महत्वपूर्ण जिम्मेदारी निभा रहे हैं।
सरकारी आश्वासन समिति संसद में सरकार द्वारा किए गए वादों और आश्वासनों की समीक्षा करती है। साथ ही यह समिति यह भी देखती है कि संबंधित मंत्रालय उन आश्वासनों को तय समय सीमा में पूरा कर रहे हैं या नहीं। इस लिहाज से यह समिति सरकार की जवाबदेही तय करने में अहम भूमिका निभाती है।

मलिक के नेतृत्व में अब समिति विभिन्न मंत्रालयों से जुड़े लंबित मामलों की समीक्षा करेगी और उनकी प्रगति पर नजर रखेगी। समिति में अन्य सांसदों को भी सदस्य के रूप में शामिल किया गया है।
दूसरी बार अध्यक्ष बनने पर हरेन्द्र मलिक ने आभार जताते हुए कहा कि यह उनके लिए बड़ी जिम्मेदारी है। उन्होंने भरोसा दिलाया कि वह पूरी ईमानदारी और पारदर्शिता के साथ काम करेंगे और संसद में उठाए गए मुद्दों के समयबद्ध समाधान को सुनिश्चित करने का प्रयास करेंगे।