मुजफ्फरनगर में लंबे समय से अटके श्रीराम कॉलेज रोड के निर्माण कार्य को लेकर शनिवार को उस समय सख्ती देखने को मिली जब प्रदेश सरकार के राज्यमंत्री (स्वतंत्र प्रभार) एवं सदर विधायक कपिल देव अग्रवाल खुद मौके पर पहुंच गए। निरीक्षण के दौरान उन्होंने जल निगम, नगर पालिका और संबंधित विभागों के अधिकारियों को बुलाकर काम में हो रही देरी पर कड़ी नाराजगी जताई।

मौके पर पहुंचकर अधिकारियों को लगाई फटकार

निरीक्षण के दौरान मंत्री कपिल देव अग्रवाल ने स्पष्ट कहा कि क्षेत्र के हजारों लोग टूटी सड़क, जलभराव और गंदगी की समस्या से लंबे समय से परेशान हैं, लेकिन विभागीय स्तर पर काम की गति बेहद धीमी है। उन्होंने इसे गंभीर लापरवाही बताते हुए अधिकारियों को अंतिम चेतावनी दी कि अब किसी भी तरह की ढिलाई स्वीकार नहीं की जाएगी।


जल निकासी व्यवस्था पर पहले दिए गए थे निर्देश

मंत्री ने बताया कि कुछ दिन पहले ही संबंधित विभागों के साथ बैठक कर सड़क निर्माण से पहले मजबूत और स्थायी जल निकासी व्यवस्था तैयार करने के निर्देश दिए गए थे, ताकि भविष्य में जलभराव की समस्या दोबारा न हो। हालांकि विभागों के बीच समन्वय की कमी और धीमी कार्यप्रणाली के कारण अभी तक निर्माण कार्य शुरू नहीं हो सका है।

जनता को हो रही परेशानी पर जताई चिंता

उन्होंने कहा कि इस देरी का सीधा असर आम जनता पर पड़ रहा है। सड़क पर कीचड़ और जलभराव के कारण स्थानीय लोग, छात्र, व्यापारी और राहगीर रोजाना परेशानियों का सामना कर रहे हैं। बरसात के मौसम में स्थिति और भी गंभीर हो जाती है।


तुरंत काम शुरू करने के निर्देश

मंत्री कपिल देव अग्रवाल ने अधिकारियों को सख्त निर्देश दिए कि सभी विभाग आपसी समन्वय के साथ जल निकासी और सड़क निर्माण का कार्य तुरंत शुरू करें और तय समय सीमा में इसे पूरा किया जाए। उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि निर्माण की गुणवत्ता से किसी भी प्रकार का समझौता नहीं किया जाएगा।

लापरवाही पर कार्रवाई की चेतावनी

उन्होंने दो टूक कहा कि यदि आगे भी निर्माण कार्य में देरी या लापरवाही सामने आती है तो जिम्मेदार अधिकारियों के खिलाफ उच्च स्तर पर कार्रवाई की संस्तुति की जाएगी। साथ ही उन्होंने कहा कि जनता को मूलभूत सुविधाएं उपलब्ध कराना सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकता है और इसमें किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।