मुजफ्फरनगर में विश्व तंबाकू निषेध दिवस के मौके पर स्वास्थ्य विभाग की ओर से एक जन-जागरूकता कार्यक्रम का आयोजन किया गया। यह कार्यक्रम स्वास्थ्य विभाग कार्यालय परिसर में हुआ, जहां अधिकारियों और कर्मचारियों को तंबाकू से दूर रहने तथा समाज में इसके दुष्प्रभावों के प्रति जागरूकता फैलाने की शपथ दिलाई गई।
कार्यक्रम का नेतृत्व मुख्य चिकित्सा अधिकारी (सीएमओ) डॉ. सुनील तेवतिया ने किया। उन्होंने उपस्थित सभी अधिकारियों और कर्मचारियों को तंबाकू मुक्त जीवन अपनाने का संकल्प दिलाते हुए कहा कि तंबाकू का सेवन न केवल व्यक्ति के स्वास्थ्य को गंभीर नुकसान पहुंचाता है, बल्कि यह परिवार और समाज पर भी नकारात्मक प्रभाव डालता है।

डॉ. तेवतिया ने बताया कि तंबाकू सेवन कैंसर, हृदय रोग, फेफड़ों की गंभीर बीमारियों सहित कई जानलेवा रोगों का प्रमुख कारण है। उन्होंने कहा कि इस तरह की बीमारियों से बचाव के लिए जागरूकता बेहद जरूरी है।
इस अवसर पर विभाग द्वारा एक हस्ताक्षर अभियान भी चलाया गया, जिसमें अधिकारियों और कर्मचारियों ने बैनर पर हस्ताक्षर कर तंबाकू मुक्त समाज बनाने का संकल्प दोहराया। कार्यक्रम के दौरान प्रतिभागियों को तंबाकू सेवन से होने वाले नुकसान, उससे जुड़ी बीमारियों और रोकथाम के उपायों की विस्तृत जानकारी भी दी गई।
सीएमओ ने कहा कि विश्व तंबाकू निषेध दिवस का मुख्य उद्देश्य लोगों को इसके दुष्प्रभावों के प्रति जागरूक करना और विशेषकर युवाओं को इस आदत से दूर रखना है। उन्होंने लोगों से अपील की कि वे स्वयं तंबाकू से दूर रहें और अपने परिवार व आसपास के लोगों को भी इसके खिलाफ जागरूक करें।
कार्यक्रम में अपर मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ. अशोक कुमार, डॉ. विपिन कुमार, उप मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ. अजय कुमार, जिला स्वास्थ्य शिक्षा अधिकारी डॉ. गीतांजलि वर्मा, एआरओ आनंद कुमार, स्टेनो पाकेश कुमार सहित कई स्वास्थ्य अधिकारी और कर्मचारी मौजूद रहे।