मथुरा के सुरीर क्षेत्र के टैंटीगांव में हुई बड़ी डकैती की वारदात के दो वांछित बदमाशों को पुलिस ने गुरुवार सुबह मुठभेड़ में मार गिराया। गोली लगने के बाद दोनों को गंभीर हालत में अस्पताल ले जाया गया, जहां डॉक्टरों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया।
इस कार्रवाई के दौरान पुलिस टीम के दो जवान भी घायल हुए हैं, जिनमें स्वाट टीम प्रभारी अजय वर्मा और एक सिपाही शामिल हैं।
डकैती की वारदात से फैली थी दहशत
23 अप्रैल की रात नकाबपोश बदमाशों ने व्यापारी अजय अग्रवाल के घर में घुसकर परिवार को बंधक बना लिया था। आरोपियों ने घर से करीब 3.22 लाख रुपये नकद और लगभग 12 लाख रुपये के जेवरात लूट लिए थे। वारदात के दौरान बदमाशों ने सीसीटीवी कैमरे तोड़ दिए और डीवीआर भी साथ ले गए थे।
घटना के बाद पुलिस ने गंभीरता से जांच शुरू करते हुए एसएसपी स्तर पर 17 टीमों का गठन किया था।
CCTV से खुला बदमाशों का सुराग
जांच के दौरान पुलिस को सीसीटीवी फुटेज मिले, जिसके आधार पर बदमाशों की पहचान की गई। टीमों ने पीछा करते हुए उन्हें अलीगढ़ के खैर क्षेत्र तक ट्रैक किया, जहां उन्होंने एक और वारदात की कोशिश की थी लेकिन सफल नहीं हो सके।
सुबह हुई मुठभेड़
सीओ मांट संदीप सिंह के अनुसार गुरुवार सुबह करीब 7 बजे पुलिस और बदमाशों के बीच मुठभेड़ हुई। जवाबी कार्रवाई में दोनों अपराधी गोली लगने से घायल हो गए और बाद में उनकी मौत हो गई।
राजस्थान के रहने वाले थे आरोपी
एसपी ग्रामीण सुरेश चंद्र रावत ने बताया कि दोनों बदमाश राजस्थान के रहने वाले थे। उनकी पहचान धर्मवीर उर्फ लम्बू (भरतपुर) और पप्पू उर्फ राजेंद्र (कोटपुतली) के रूप में हुई है।
पुलिस के अनुसार यह गिरोह कई जगहों पर डकैती और लूट की वारदातों में शामिल रहा है और लंबे समय से सक्रिय था।