शिवपुर थाना क्षेत्र के लक्ष्मणपुर में 11 दिसंबर की सुबह आंगनबाड़ी कार्यकर्ता अनुपमा उर्फ सीता (45) की निर्मम हत्या का मामला सामने आया। अपराधियों ने उसे घर में घुसकर मुंह में कपड़ा ठूंसकर और धारदार हथियार से सिर पर वार कर मार डाला।

परिवार के अनुसार, सीता सुबह पांच बजे उठकर खाना बना रही थी, जबकि उसके पति शैलेश कुमार दूध बेचने गए थे। करीब दस बजे शैलेश घर लौटे तो पत्नी खून से लथपथ जमीन पर पड़ी मिली। पति की चीख सुनकर पड़ोसी इकट्ठा हो गए। शैलेश ने अपने रिश्तेदार शुभम को बुलाया, जिन्होंने पुलिस को 112 नंबर पर सूचना दी।

मौके पर एडीसीपी नीतू कात्यान, एसीपी नितिन तनेजा और फॉरेंसिक टीम सहित थाना प्रभारी वीरेंद्र कुमार सोनकर पहुंचे और जांच शुरू की।

हत्या के आरोपियों की गिरफ्तारी

शुक्रवार को पुलिस ने हत्या के मुख्य आरोपियों मीरापुर बसही निवासी मोहित यादव (21) और नवलपुर निवासी अंजलि चौहान (21) को शिवपुर रेलवे स्टेशन के पास गिरफ्तार किया। दोनों के कब्जे से घटना में इस्तेमाल हथियार और सीता के जेवरात के अलावा 73,640 रुपये नकद बरामद किए गए।

मोहित और अंजलि लक्ष्मणपुर के शारदा विहार कॉलोनी में किराए पर रहते थे। जांच में सामने आया कि सीता और मोहित के बीच संबंध थे। सीता की कोई संतान नहीं थी और उसने मोहित से संबंध स्थापित करने की इच्छा जताई। जब मोहित ने इस पर विरोध किया, तो दोनों ने मिलकर उसकी हत्या की योजना बनाई।

11 दिसंबर की सुबह अंजलि पहले घर पहुंची और मोहित पीछे से प्रवेश कर सीता के सिर और चेहरे पर सिलबट्टे व स्टील के ड्रम से वार कर हत्या कर दी। इसके बाद दोनों ने घर से जेवरात और नकदी लेकर भागने की कोशिश की।

पुलिस की सराहनीय कार्यवाही

गिरफ्तारी के दौरान दोनों आरोपी शिवपुर रेलवे स्टेशन पहुंचे थे, जहां उनके पास से घटना के समय पहने गए कपड़े और अन्य सबूत बरामद किए गए। इस कार्रवाई में शामिल पुलिस टीम—थाना प्रभारी वीरेंद्र कुमार सोनकर, उप निरीक्षक कृष्ण कुमार सरोज, उप निरीक्षक गौरव सिंह, उप निरीक्षक विद्यासागर चौरसिया, उप निरीक्षक भूपेंद्र कुमार, महिला उप निरीक्षक प्रतिभाशाही, हेड कांस्टेबल लवकुश कुमार, कांस्टेबल नीतीश कुमार तिवारी और कांस्टेबल बालमुकुंद मौर्य—को पुलिस आयुक्त द्वारा 50,000 रुपये पुरस्कार से सम्मानित किया गया।