उत्तराखंड के पूर्व मुख्यमंत्री मेजर जनरल (सेनि.) भुवन चंद्र खंडूड़ी के निधन के बाद राज्य सरकार ने पूरे प्रदेश में शोक की घोषणा की है। सरकार की ओर से तीन दिन का राजकीय शोक घोषित किया गया है, जो 21 मई तक प्रभावी रहेगा। साथ ही अंतिम संस्कार के दिन सभी सरकारी कार्यालय बंद रखने का निर्णय लिया गया है।

सामान्य प्रशासन विभाग द्वारा मंगलवार को जारी आदेश के अनुसार, शोक अवधि के दौरान प्रदेश के सभी सरकारी भवनों पर राष्ट्रीय ध्वज आधा झुका रहेगा। इस दौरान किसी भी प्रकार के सरकारी उत्सव या मनोरंजन कार्यक्रमों के आयोजन पर रोक रहेगी।

सरकार ने यह भी स्पष्ट किया है कि पूर्व मुख्यमंत्री खंडूड़ी का अंतिम संस्कार 20 मई को राजकीय सम्मान के साथ पुलिस गार्ड ऑफ ऑनर के बीच किया जाएगा।

खंडूड़ी को उत्तराखंड की राजनीति में एक सादगीपूर्ण और अनुशासित नेतृत्व के रूप में जाना जाता था। पर्वतीय क्षेत्रों के विकास को लेकर उनकी विशेष रुचि रही। खासकर सड़क और बुनियादी ढांचे से जुड़े मामलों में वे लगातार सक्रिय रहते थे। उनका मानना था कि पहाड़ों में सड़क केवल सुविधा नहीं, बल्कि जीवनरेखा है, इसलिए सीमावर्ती और चारधाम क्षेत्रों की कनेक्टिविटी को मजबूत करना उनकी प्राथमिकताओं में शामिल रहा।