विश्व प्रसिद्ध केदारनाथ धाम के कपाट कल 22 अप्रैल की सुबह 8 बजे शुभ मुहूर्त में श्रद्धालुओं के लिए खोल दिए जाएंगे। कपाट खुलते ही इस वर्ष की केदारनाथ यात्रा का औपचारिक शुभारंभ हो जाएगा। इस विशेष अवसर पर मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी भी धाम पहुंचकर पूजा-अर्चना में शामिल होंगे।

कपाट खुलने से पहले आज बाबा केदार की डोली गौरीकुंड से केदारनाथ के लिए रवाना हुई, जिसके साथ पूरे क्षेत्र में धार्मिक उत्साह का माहौल बन गया है। धाम को फूलों और रोशनी से भव्य रूप से सजाया गया है।

यात्रा को सुचारु और सुरक्षित बनाने के लिए प्रशासन ने व्यापक तैयारियां की हैं। मार्गों की मरम्मत के साथ-साथ यातायात व्यवस्था को मजबूत किया गया है। पैदल मार्ग पर शौचालय, विश्राम स्थल, पेयजल और भोजन की सुविधाएं सुनिश्चित की गई हैं। पूरे रूट पर विद्युत व सोलर लाइटिंग की व्यवस्था भी की गई है। हर दो किलोमीटर पर स्वास्थ्य केंद्र बनाए गए हैं ताकि आपात स्थिति में तुरंत सहायता मिल सके।

श्रद्धालुओं की सुविधा के लिए आधुनिक शौचालय, गर्म पानी और ठहरने की बेहतर व्यवस्था की गई है। सुरक्षा के मद्देनजर पुलिस और प्रशासनिक टीमें पूरे यात्रा मार्ग पर तैनात हैं।

देश-विदेश से आए श्रद्धालु व्यवस्थाओं से संतुष्ट नजर आ रहे हैं और उन्होंने प्रशासन के प्रयासों की सराहना की है।

मंदिर परिसर में मोबाइल पर प्रतिबंध

मंदिर समिति के सदस्य विनीत पोस्ती ने बताया कि केदारनाथ मंदिर परिसर में अब मोबाइल फोन के उपयोग पर पूर्ण प्रतिबंध लगा दिया गया है। मंदिर की पवित्रता और श्रद्धालुओं की सुविधा को ध्यान में रखते हुए यह निर्णय लिया गया है।

अब मंदिर परिसर के भीतर मोबाइल फोन ले जाना, फोटो या वीडियो बनाना और रील्स रिकॉर्ड करना पूरी तरह वर्जित होगा। नियमों का उल्लंघन करने वालों के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।