नई दिल्ली। मनी लॉन्ड्रिंग और वित्तीय अनियमितताओं से जुड़े मामलों में जांच के सिलसिले में उद्योगपति अनिल अंबानी शुक्रवार को दिल्ली स्थित प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) मुख्यालय पहुंचे। उन्हें रिलायंस कम्युनिकेशंस लिमिटेड से जुड़े कथित बैंक धोखाधड़ी मामले में समन भेजा गया था।

ईडी ने मुंबई के पाली हिल स्थित अंबानी के प्रख्यात आवासीय परिसर ‘एबोड’ को अस्थायी रूप से कुर्क कर दिया है। इस संपत्ति की कीमत 3,716.83 करोड़ रुपये बताई जा रही है। ईडी के मुताबिक, इससे पहले भी इसी संपत्ति का एक हिस्सा, लगभग 473.17 करोड़ रुपये के मूल्य का, अस्थायी रूप से अटैच किया जा चुका था। यह कार्रवाई धन शोधन निवारण अधिनियम (पीएमएलए), 2002 के तहत की गई है।

एजेंसी के अनुसार, अनिल अंबानी और उनकी कंपनियों पर ऋण धोखाधड़ी और वित्तीय अनियमितताओं के आरोप हैं। सुप्रीम कोर्ट के निर्देश के बाद इस मामले की जांच के लिए एक विशेष जांच दल (एसआईटी) भी गठित किया गया है।

अनिल अंबानी की मुश्किलें पिछले कुछ समय से बढ़ती नजर आ रही हैं। अगस्त 2025 में वे पहली बार ईडी के सामने पेश हुए थे और पीएमएलए के तहत उनका बयान दर्ज किया गया।

‘एबोड’ के कुर्क होने से स्पष्ट संदेश गया है कि वित्तीय धोखाधड़ी और मनी लॉन्ड्रिंग मामलों में कोई रियायत नहीं दी जाएगी। कुल मिलाकर 15,700 करोड़ रुपये की जब्ती के साथ यह मामला भारत के कॉर्पोरेट इतिहास के सबसे बड़े वित्तीय जांच अभियानों में से एक बन गया है। इसके अगले कदम पर निवेशकों और बाजार की भी नजर रहेगी।