एक दिन के अवकाश के बाद घरेलू शेयर बाजार ने बुधवार को मजबूत शुरुआत की और शुरुआती कारोबार में ही जोरदार तेजी दर्ज की गई। वैश्विक संकेतों और कच्चे तेल की कीमतों में गिरावट के चलते निवेशकों की धारणा मजबूत बनी रही, जिसका सीधा असर बाजार पर देखने को मिला।
सेंसेक्स और निफ्टी में तेज उछाल
शुरुआती कारोबार में बीएसई सेंसेक्स 1,400 अंक से अधिक उछलकर 78,270 के स्तर तक पहुंच गया। वहीं एनएसई निफ्टी भी मजबूती के साथ 24,280 के पार चला गया।
कुछ ही समय में सेंसेक्स का उच्चतम स्तर 78,270.42 और निफ्टी का 24,280.90 दर्ज किया गया। बैंकिंग और रियल्टी सेक्टर में करीब 2% तक की तेजी देखने को मिली।
सभी प्रमुख शेयरों में खरीदारी
कारोबार की शुरुआत में सेंसेक्स के सभी 30 शेयर हरे निशान में रहे। इंटरग्लोब एविएशन, इंफोसिस, टीसीएस, एटर्नल, एलएंडटी और बजाज फाइनेंस जैसे बड़े स्टॉक्स में अच्छी बढ़त दर्ज की गई।
वैश्विक संकेतों से मिला समर्थन
बाजार को वैश्विक स्तर पर भी मजबूती का सहारा मिला। कच्चे तेल की कीमतें 100 डॉलर प्रति बैरल से नीचे फिसल गईं, जिससे निवेशकों का भरोसा बढ़ा। ब्रेंट क्रूड मामूली बढ़त के साथ 95 डॉलर प्रति बैरल के आसपास कारोबार करता दिखा।
रुपया भी डॉलर के मुकाबले 20 पैसे मजबूत होकर 93.15 पर पहुंच गया।
बाजार विशेषज्ञों की राय
विश्लेषकों के अनुसार, अमेरिका-ईरान के बीच संभावित कूटनीतिक बातचीत और कच्चे तेल की कीमतों में नरमी ने बाजार को मजबूती दी है। इससे ऊर्जा आयात पर निर्भर देशों, खासकर भारत को राहत मिली है।
अंतरराष्ट्रीय संकेत और अमेरिका का रुख
अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के हालिया बयान और ईरान-अमेरिका वार्ता को लेकर उम्मीदों ने भी बाजार भावना को सपोर्ट दिया। रिपोर्ट्स के मुताबिक, आने वाले दिनों में इस मुद्दे पर नई बातचीत की संभावना जताई जा रही है।
एशियाई और अमेरिकी बाजारों में भी मजबूती का रुख देखने को मिला, जहां प्रमुख सूचकांक हरे निशान में बंद हुए।
विदेशी निवेश का रुझान
आंकड़ों के अनुसार, विदेशी संस्थागत निवेशकों (FII) ने हाल ही में बिकवाली की, जबकि घरेलू संस्थागत निवेशकों (DII) ने भारी खरीदारी कर बाजार को सपोर्ट दिया।
पिछले सत्र में गिरावट
इसके पहले सोमवार को बाजार में कमजोरी देखी गई थी, जहां सेंसेक्स और निफ्टी दोनों में गिरावट दर्ज की गई थी। पश्चिम एशिया तनाव और कच्चे तेल की कीमतों में उछाल ने उस दिन बाजार पर दबाव बनाया था।