ब्रिटिश पीएम ऋषि सुनक एक न्यूज चैनल के कार्यक्रम में शामिल होने पर विवाद में घिर गए हैं। ब्रिटेन में मीडिया की निगरानी करने वाले स्वतंत्र निकाय ऑफिस ऑफ कम्यूनिकेशंस (OFCOM) ने सुनक के टीवी कार्यक्रम में शामिल होने को लेकर जांच शुरू कर दी है। 500 शिकायतें मिलने के बाद निकाय यह जांच कर रहा है कि सुनक के कार्यक्रम में शामिल होने से निष्पक्षता नियमों का उल्लंघन तो नहीं हुआ।

OFCOM ने एक बयान में कहा कि वह जीबी न्यूज पर गत सोमवार को प्रसारित 'पीपुल्स फोरमः द प्राइम मिनिस्टर' कार्यक्रम की जांच कर रहा है। प्रसारण संहिता (Broadcasting Code) के तहत ओएफसीओएम को राजनीतिक व्यवस्था के भीतर निष्पक्षता सुनिश्चित करने के लिए विचारों की एक विस्तृत शृंखला को व्यक्त करने की जरूरत होती है।

नियामक की तरफ से जारी बयान के अनुसार, हम प्रसारण संहिता के नियम 5.11 और 5.12 के तहत जांच कर रहे हैं। यह प्रमुख राजनीतिक विवाद व सार्वजनिक नीति से संबंधित मामलों से निपटने वाले कार्यक्रमों के लिए अतिरिक्त निष्पक्षता जरूरतों पर केंद्रित है। प्रसारण के दौरान शो के प्रस्तोता ने दावा किया था कि सुनक से पूछे गए प्रश्न अनजान मतदाताओं के थे। सुनक या चैनल ने उन्हें पहले से नहीं देखा था।

विवाद पर डाउनिंग स्ट्रीट का बयान
इस मामले पर ब्रिटिश पीएम के कार्यालय डाउनिंग स्ट्रीट के प्रवक्ता ने कहा कि प्रधानमंत्री सुनक को शो में भाग लेने पर कोई अफसोस नहीं है। यह OFCOM का मामला है।

प्रसारण संहिता के उल्लंघन पर क्या कार्रवाई हो सकती है   
अगर मीडिया निगरानी निकाय के प्रसारण संहिता का उल्लंघन पाया जाता है तो उसके पास मीडिया समूह पर जुर्माना या अन्य प्रतिबंध लगाने की शक्ति है। OFCOM की ओर से दक्षिणपंथी विचारधारा की ओर झुकाव रखने वाला जीबी न्यूज के अन्य शो की भी जांच की जा रही है, जिसमें निष्पक्षता के मुद्दे भी शामिल हैं।