घर से बाहर खाना खाने वाले लोगों के लिए अच्छी खबर आ रही है. अगर आप भी परिवार के साथ होटल रेस्तरां में परिवार के साथ खाना खाने जाते हैं तो ये खबर पढ़नी चाहिए. दरअसल बहुत जल्द रेस्तरां द्वारा वसूले जाने वाले सर्विस चार्ज पर पूरी तरह से रोक लगने वाली है. होटल और रेस्तरां मालिकों को सरकार ने अल्टीमेटम दे दिया है. रेस्तरां मालिकों द्वारा वसूले जाने वाले सर्विस चार्ज को सरकार ने गैर कानूनी बताया है.
बीते गुरुवार हुई मीटिंग
बीते गुरुवार को केंद्रीय उपभोक्ता मंत्रालय ने होटल और रेस्तरां मालिकों के साथ मीटिंग की है, जिसमें सर्विस चार्ज को लेकर बातें कही गईं. बहुत जल्द सरकार मजबूत तंत्र का गठन कर कानूनी प्रविधान का भी गठन करेगी. इस बैठक में नेशनल रेस्टोरेंट एसोसिएशन आफ इंडिया, फेडरेशन आफ होटल एंड रेस्टोरेंट एसोसिएशन आफ इंडिया और मुंबई ग्राहक पंचायत समेत कई उपभोक्ता संगठन शामिल हुए थे.
उपभोक्ता संगठनों ने माना आपराधिक कृत्य
उपभोक्ता संगठनों ने रेस्तरां द्वारा ग्राहकों से खाने के बाद सर्विस चार्ज वसूलना आपराधिक कृत्य माना है. क्योंकि ग्राहक को भोजन परोसने से पहले इस खर्चे के बारे में नहीं बताया जाता वहीं बिलिंग के समय इमसें अतिरिक्त राशि सर्विस चार्ज के नाम से ऐंठी जाती है. उपभोक्ता संगठनों ने इसे गैरकानूनी करार दिए जाने की बात रखी.
रेस्तरां मालिकों ने रखा अपना पक्ष
रेस्तरां के मालिकों की तरफ से भी दलील पेश की गई जिसमें उन्होंने सर्विस चार्ज को जायज बताया. रेस्तरां की तरफ की कहा गया कि ग्राहकों को किसी भी रेस्तरां में खाना खाने से पहले इस बात की जानकारी होती है कि उनसे बिलिंग के समय सर्विस चार्ज लिया जाएगा, जिसके बाद ही ग्राहक सर्विस लेना ना लेना तय करते हैं.