नई दिल्ली। केंद्रीय बजट 2026 पेश होते ही राजनीतिक वार-तार शुरू हो गया। बजट के तुरंत बाद भाजपा और कांग्रेस आमने-सामने आ गईं। जहां केंद्रीय मंत्री अश्विनी वैष्णव ने इसे विकासोन्मुख और भविष्य की नींव रखने वाला बताया, वहीं कांग्रेस सांसद और पूर्व वित्त मंत्री पी. चिदंबरम ने इसे आर्थिक और नेतृत्व की दृष्टि से असफल करार दिया।
चिदंबरम का तीखा हमला: बजट में आर्थिक रणनीति की कमी
चिदंबरम ने कहा कि यह बजट आर्थिक रणनीति और स्टेट्समैनशिप की कसौटी पर खरा नहीं उतरता। उनके मुताबिक, बजट में केवल योजनाओं, मिशनों और फंडों की संख्या बढ़ाई गई है, लेकिन कई कार्यक्रम अगले वर्ष तक भूलने लायक हो सकते हैं। उन्होंने आयकर अधिनियम 2026 पर भी सवाल उठाया, जिसमें लागू होने के कुछ ही महीनों बाद दरों में बदलाव किए गए। उनका कहना था कि देश की अधिकतर जनता आयकर के दायरे में नहीं आती, इसलिए इसका प्रभाव सीमित रहेगा।
पूर्व वित्त मंत्री ने बजट में आर्थिक सर्वेक्षण 2025-26 की अनदेखी का भी आरोप लगाया। उन्होंने अमेरिका के टैरिफ, चीन के साथ व्यापार घाटे, FDI में अनिश्चितता और FPI आउटफ्लो जैसे गंभीर मुद्दों का जिक्र करते हुए कहा कि इन समस्याओं का बजट में कोई ठोस समाधान नहीं दिखाई दिया।
अश्विनी वैष्णव: एआई और परमाणु ऊर्जा से मजबूत होगी अर्थव्यवस्था
केंद्रीय मंत्री अश्विनी वैष्णव ने बुनियादी ढांचे और ऊर्जा नीति पर दो अहम घोषणाएं की। उन्होंने बताया कि नया डेडिकेटेड फ्रेट कॉरिडोर पश्चिम बंगाल से गुजरात तक बनाया जाएगा, जिससे लॉजिस्टिक्स और माल परिवहन और मजबूत होगा।
अश्विनी वैष्णव ने कहा कि परमाणु ऊर्जा भविष्य की एआई आधारित अर्थव्यवस्था के लिए बेहद जरूरी होगी। उन्होंने बताया कि ऊर्जा लेयर में परमाणु ऊर्जा स्थिर और स्वच्छ ऊर्जा प्रदान करके AI इकोनॉमी की दीर्घकालिक स्थिरता सुनिश्चित करेगी।
रेलवे सुधार और हाई-स्पीड कॉरिडोर
रेल मंत्री ने कहा कि रेलवे में सुरक्षा सुधारों का असर दिख रहा है और दुर्घटनाओं में करीब 95 प्रतिशत तक कमी आई है। सात नए हाई-स्पीड कॉरिडोर की घोषणा की गई है, जिसमें चेन्नई-बंगलूरू-हैदराबाद को जोड़कर एक हाई-स्पीड ट्राइएंगल बनाया जाएगा।
इस नेटवर्क से:
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चेन्नई-बंगलूरू यात्रा केवल 1 घंटा 13 मिनट में
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बंगलूरू-हैदराबाद 2 घंटे में
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चेन्नई-हैदराबाद 2 घंटे 55 मिनट में पूरी होगी
अश्विनी वैष्णव ने कहा कि यह परियोजना दक्षिण भारत के आर्थिक और आईटी केंद्रों में उद्योग, व्यापार और रोजगार को बढ़ावा देगी और पूरे देश के लिए विकास का बड़ा उत्प्रेरक बनेगी।