मौलाना जर्सी के बयान पर भड़के मंत्री कपिलदेव अग्रवाल, बोले- ऐसी टिप्पणी समाज के लिए ठीक नहीं

HIGHLIGHTS
- मंत्री ने सभी समुदायों के जिम्मेदार लोगों से आपसी सम्मान और भाईचारा बनाए रखने की अपील की।
- रामपुरी क्षेत्र में जलभराव की समस्या के समाधान को लेकर अधिकारियों के साथ समीक्षा बैठक हुई।
- बैठक में जल निकासी व्यवस्था और स्थायी समाधान के संभावित उपायों पर चर्चा की गई।
मुजफ्फरनगर में उत्तर प्रदेश सरकार के राज्य मंत्री (स्वतंत्र प्रभार) कपिलदेव अग्रवाल ने मौलाना जर्सी की भगवान शिव और भगवान ब्रह्मा को लेकर की गई कथित टिप्पणी पर प्रतिक्रिया दी है। उन्होंने कहा कि इस तरह के गैर-जिम्मेदाराना बयान समाज के माहौल को प्रभावित करते हैं और सभी समुदायों के जिम्मेदार लोगों को ऐसे बयानों का विरोध करना चाहिए।
शुक्रवार दोपहर मेरठ रोड स्थित पीडब्ल्यूडी गेस्ट हाउस में रामपुरी क्षेत्र की जलभराव समस्या को लेकर अधिकारियों के साथ समीक्षा बैठक के बाद मीडिया से बातचीत करते हुए मंत्री ने यह बात कही।
आपत्तिजनक बयानबाजी से माहौल खराब होता है: कपिलदेव अग्रवाल
कपिलदेव अग्रवाल ने कहा कि कुछ लोग अनावश्यक बयान देकर सामाजिक सौहार्द बिगाड़ने का प्रयास करते हैं। उन्होंने कहा कि किसी भी धर्म या आस्था को लेकर आपत्तिजनक टिप्पणी करना समाज के हित में नहीं है और इससे केवल विवाद की स्थिति बनती है।
उन्होंने कहा कि सनातन संस्कृति प्राचीन, अनादि और शाश्वत है, जो करोड़ों वर्षों से चली आ रही है।
मुस्लिम समाज के जिम्मेदार लोगों से भी विरोध की अपील
राज्यमंत्री ने कहा कि मुस्लिम समाज के जिम्मेदार लोगों को भी इस तरह के बयानों का विरोध करना चाहिए। उन्होंने कहा कि समाज के भीतर से ही ऐसी बयानबाजी को रोकने के प्रयास होने चाहिए, जिससे सामाजिक सौहार्द और कानून-व्यवस्था प्रभावित न हो।
उन्होंने सभी समुदायों के जिम्मेदार लोगों से मिलकर शांति, आपसी सम्मान और भाईचारे का माहौल बनाए रखने की अपील की।
रामपुरी जलभराव समस्या पर अधिकारियों के साथ समीक्षा बैठक
इससे पहले कपिलदेव अग्रवाल ने पालिकाध्यक्ष मीनाक्षी स्वरूप के साथ पीडब्ल्यूडी गेस्ट हाउस में पीडब्ल्यूडी, जल निगम और राजस्व विभाग के अधिकारियों के साथ रामपुरी क्षेत्र में जलभराव की समस्या को लेकर समीक्षा बैठक की।
बैठक में नए और पुराने नक्शों के माध्यम से क्षेत्र की भौगोलिक स्थिति का अध्ययन किया गया। अधिकारियों ने जल निकासी व्यवस्था और समस्या के स्थायी समाधान के लिए संभावित उपायों पर चर्चा की।
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