सपा प्रतिनिधिमंडल को सहारनपुर जाने से रोका, हरेंद्र मलिक के आवास पर पुलिस तैनात

HIGHLIGHTS
- प्रतिनिधिमंडल को देखते हुए मुजफ्फरनगर में पुलिस ने निगरानी बढ़ाई।
- कई सपा नेताओं और पदाधिकारियों के आवास पर पुलिस तैनात किए जाने की जानकारी सामने आई।
- हरेंद्र मलिक के आवास पर भी पुलिस की मौजूदगी रही।
मुजफ्फरनगर: सहारनपुर कलेक्ट्रेट परिसर में मस्जिद गिराए जाने के मामले को लेकर राजनीतिक गतिविधियां लगातार तेज हो रही हैं। रविवार को सहारनपुर जाने वाले समाजवादी पार्टी के प्रतिनिधिमंडल को रोकने के लिए मुजफ्फरनगर में भी पुलिस सक्रिय रही। इसी के तहत सपा सांसद हरेंद्र मलिक के आवास पर पुलिस की तैनाती की गई और उनके सहारनपुर जाने की कोशिश को रोकने की बात सामने आई।
प्रतिनिधिमंडल के रवाना होने से पहले बढ़ी निगरानी
सपा का प्रतिनिधिमंडल रविवार को सहारनपुर जाने वाला था। इसे देखते हुए पुलिस ने पार्टी के नेताओं और पदाधिकारियों की गतिविधियों पर निगरानी बढ़ा दी। जिले में कई नेताओं के आवास के बाहर पुलिस तैनात किए जाने की जानकारी सामने आई है।
इसी दौरान सपा सांसद हरेंद्र मलिक के आवास पर भी पुलिस मौजूद रही। उन्हें सहारनपुर जाने से रोकने की बात सामने आने के बाद सांसद ने सरकार की कार्रवाई पर सवाल खड़े किए।
न्यायिक प्रक्रिया के बाद ही कार्रवाई की बात
रविवार अपराह्न करीब 4 बजे मीडिया से बातचीत करते हुए हरेंद्र मलिक ने कार्रवाई को निंदनीय बताया। उन्होंने कहा कि किसी भी मामले में कार्रवाई करने से पहले न्यायिक प्रक्रिया का पालन किया जाना चाहिए। उन्होंने कहा कि यदि पूरी न्यायिक प्रक्रिया के बाद कोई स्पष्ट आदेश आता तो उसका सम्मान किया जाता।
सांसद ने पुराने भवनों और मकानों को लेकर भी सवाल उठाए। उन्होंने कहा कि देश और प्रदेश में कई नेताओं और अधिकारियों के पुराने मकान व भवन मौजूद हैं। कई स्थानों पर पुराने निर्माण से जुड़े नक्शे और रिकॉर्ड उपलब्ध नहीं हैं। ऐसे में किसी एक मामले में हुई कार्रवाई को लेकर सवाल उठना स्वाभाविक है।
सभी के लिए समान कानून की मांग
हरेंद्र मलिक ने कहा कि कानून सभी के लिए एक समान होना चाहिए। किसी भी कार्रवाई में निष्पक्षता और पारदर्शिता बनाए रखना जरूरी है। उन्होंने कहा कि पूरे मामले को न्यायिक प्रक्रिया के तहत ही देखा जाना चाहिए।
पहले भी नेताओं को रोके जाने की बात
सहारनपुर जाने वाले सपा प्रतिनिधिमंडल को रोकने के लिए मुजफ्फरनगर में कई नेताओं और पदाधिकारियों के आवास के बाहर पुलिस की निगरानी बढ़ाई गई है। इससे पहले भी जिले के अलग-अलग क्षेत्रों में सपा और अन्य संगठनों से जुड़े लोगों को एहतियातन रोके जाने की जानकारी सामने आई थी।
इस मामले को लेकर सपा और प्रशासन के बीच तनातनी बढ़ती हुई नजर आ रही है। पुलिस की ओर से कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए निगरानी और एहतियाती कार्रवाई की जा रही है।
Comments0
Leave a comment
Join the conversation — your email will not be published.

Reader comments
No comments yet
Be the first to share your perspective on this story.