बिहार में पूर्ण शराबबंदी लागू होने के बावजूद राजधानी पटना में शराब की बोतलें मिलने का मामला सामने आया है। चौंकाने वाली बात यह है कि इस बार मुख्यमंत्री आवास 5 देशरत्न मार्ग के आसपास कई खाली शराब की बोतलें बरामद हुई हैं, जिसके बाद प्रशासनिक महकमे में हलचल मच गई है।
इससे पहले भी सचिवालय परिसर के एक कार्यालय गेट के पास शराब की तीन बोतलें मिलने की खबर सामने आ चुकी है। लगातार इस तरह की घटनाओं के सामने आने के बाद शराबबंदी कानून की प्रभावशीलता पर सवाल खड़े हो रहे हैं।
पुलिस ने शुरू की जांच
सचिवालय थानाध्यक्ष गौतम कुमार ने बताया कि स्थानीय लोगों की सूचना पर पुलिस मौके पर पहुंची थी। जांच के दौरान करीब 10 खाली बोतलें और दो टूटी हुई शराब की बोतलें बरामद की गईं।
पुलिस का कहना है कि आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाली जा रही है और आरोपियों की पहचान कर उनके खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।
विपक्ष ने सरकार पर साधा निशाना
मामले को लेकर विपक्ष ने सरकार को घेरा है। आरोप लगाया गया है कि मुख्यमंत्री आवास और सचिवालय जैसे हाई-सिक्योरिटी जोन में शराब की बोतलें मिलना प्रशासन की कार्यशैली पर गंभीर सवाल उठाता है।
विपक्षी नेता ने कहा कि जहां आम लोगों पर शराब कानून के तहत सख्त कार्रवाई होती है, वहीं प्रभावशाली क्षेत्रों में ऐसी घटनाओं पर सवाल उठना स्वाभाविक है।
शराबबंदी कानून पर बहस तेज
इस घटना के बाद एक बार फिर बिहार में शराबबंदी कानून को लेकर बहस शुरू हो गई है। कुछ नेताओं ने इसे विफल नीति बताते हुए इसमें बदलाव या समीक्षा की मांग भी की है।
वहीं, प्रशासन का कहना है कि मामले की जांच की जा रही है और दोषियों की पहचान होने पर कड़ी कार्रवाई की जाएगी।