आम आदमी पार्टी के सांसद राघव चड्ढा ने सोमवार को सोशल मीडिया पर खुद को ब्लिंकिट डिलिवरी एजेंट के रूप में पेश करते हुए एक वीडियो साझा किया। वीडियो में वे शहर के विभिन्न हिस्सों में ऑर्डर डिलिवर करते नजर आए और गिग वर्कर्स की कठिन मेहनत और दबाव वाली जिंदगी की वास्तविक झलक दिखाई। इस माध्यम से उन्होंने भारत में तेजी से बढ़ते क्विक कॉमर्स सेक्टर में बेहतर कामकाजी परिस्थितियों की अपनी मांग दोहराई।
वीडियो में चड्ढा पीली यूनिफॉर्म और हेलमेट में डिलीवरी पार्टनर की मोटरसाइकिल पर पीछे बैठे नजर आए। वीडियो में दिखाया गया है कि किस तरह आखिरी मील की डिलिवरी का काम तेज रफ्तार और तनाव से भरा होता है।
इस वीडियो को एक्स (पूर्व ट्विटर) पर साझा करते हुए चड्ढा ने लिखा कि उन्होंने बोर्डरूम से दूर, जमीनी स्तर पर गिग वर्कर्स का जीवन जिया। उन्होंने कहा कि यह कदम उस समय उठाया गया जब देशभर में डिलीवरी पार्टनर बेहतर वेतन, सम्मान और सामाजिक सुरक्षा की मांग को लेकर हड़ताल पर थे।
सांसद राघव चड्ढा पहले भी संसद में गिग वर्कर्स के मुद्दे उठा चुके हैं। उन्होंने साफ किया कि वे व्यवसाय, स्टार्टअप या नवाचार के खिलाफ नहीं हैं, लेकिन प्रगति के नाम पर शोषण स्वीकार्य नहीं है। उनका कहना है, “जो लोग दिन-रात मेहनत करके इन प्लेटफॉर्म्स को खड़ा करते हैं, उन्हें इंसानियत के साथ व्यवहार और उचित मेहनताना मिलना ही चाहिए।”